Coronavirus in India कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर के दौरान, दिल्ली सरकार द्वारा संचालित लोक नायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल में बच्चों में कोरोना वायरस संक्रमण के 40 “गंभीर” मामले सामने आए जिनमें से लगभग 15 बच्चे एक साल से कम उम्र के थे. अस्पताल के बाल चिकित्सा विभाग की अध्यक्ष डॉ उर्मिला झंब ने सोमवार को कहा कि महामारी की दूसरी लहर के दौरान एकत्र किए गए आंकड़ों से पता चलता है कि बड़ी संख्या में बच्चों में संक्रमण नहीं फैला.Also Read - इजराइल में घूमिये ये 10 खूबसूरत जगहें, टूरिस्टों को अब नहीं कराना होगा RT-PCR टेस्ट

इसके साथ ही उन्होंने चेताया कि इसका यह अर्थ नहीं है कि “तीसरी लहर में ऐसा नहीं होगा.” उन्होंने कहा कि पिछले साल मार्च से दिसंबर के बीच कोविड-19 से पीड़ित लगभग 400 बच्चे अस्पताल में भर्ती हुए थे. डॉ झंब ने कहा, “कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर के दौरान एक अप्रैल से अब तक अस्पताल में बच्चों के लगभग 40 ऐसे मामले सामने आए जिनमें गंभीर संक्रमण था. इनमें से लगभग 15 बच्चे एक साल से कम उम्र के थे.” Also Read - दफ्नाने के एक घंटे बाद जिंदा निकली नवजात बच्ची ने दो दिन बाद श्रीनगर के अस्पताल में दम तोड़ा

उन्होंने कहा, “हमने इस बार केवल उन मरीजों को लिया जो गंभीर रूप से पीड़ित थे, जिन्हें ऑक्सीजन या वेंटिलेटर की जरूरत थी. इसलिए ऐसे रोगियों की संख्या (पिछले साल के मुकाबले) कम है.” दिल्ली सरकार के इस सबसे बड़े अस्पताल में इस साल जनवरी से अब तक बच्चों में संक्रमण के 75 मामले सामने आए हैं. झंब ने कहा कि इस महीने की शुरुआत में एक महीने के एक शिशु की कोरोना वायरस संक्रमण के कारण मौत हो गई. Also Read - भारत में Omicron के सब वेरिएंट BA.5 के एक और मरीज की पुष्टि, दक्षिण अफ्रीका से वडोदरा आया था शख्स

महामारी की तीसरी लहर और बच्चों पर उसके प्रभाव के बारे में पूछे जाने पर डॉ झंब ने कहा कि दूसरी लहर के दौरान एकत्र किए गए आंकड़ों से पता चलता है कि बड़ी संख्या में बच्चे संक्रमण की चपेट में नहीं आए. उन्होंने कहा, “इसका यह अर्थ नहीं है कि तीसरी लहर में ऐसा नहीं होगा. ऐसा होने की आशंका कम है लेकिन हम भविष्यवाणी नहीं कर सकते.”

(इनपुट भाषा)