नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मिले उपहारों की प्रदर्शनी सह ई-नीलामी का शुक्रवार को समापन हो गया जिसमें महात्मा गांधी के साथ बनाए गए मोदी के चित्र पर सबसे अधिक 25 लाख रुपये की बोली लगी. सरकार की ओर से जारी बयान में यह जानकारी दी गई. ई-नीलामी से हुई आमदनी ‘नमामि गंगे’ मिशन के लिए दान की जाएगी.

केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मिले कुल 2,772 उपहारों का बिक्री के लिए 14 सितंबर से इस ई-नीलामी का आयोजन किया था. नई दिल्ली के राष्ट्रीय आधुनिक कला संग्रहालय में इन उपहारों की प्रदर्शनी लगाई गई थी. इन उपहारों में चित्र, मूर्तियां, शॉल, जैकेट और पारंपरिक वाद्य यंत्र समेत कई तरह की वस्तुएं एवं स्मृति चिह्न थे.

शुरुआत में यह ई-नीलामी तीन अक्टूबर तक चलनी थी. हालांकि बाद में यह अवधि अगले तीन हफ्ते तक बढ़ाने का फैसला किया गया. समापन वाले दिन तक ई-नीलामी के लिए रखी गईं सभी वस्तुएं बिक चुकीं थीं. नामी हस्तियों, नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने इस नीलामी में दिलचस्पी दिखाई थी. अनिल कपूर, अर्जुन कपूर और गायक कैलाश खेर जैसे बॉलीवुड सितारों ने इसका प्रचार किया था.

प्रदर्शनी में रखी गई भेंटों में, सबसे कम शुरुआती कीमत 500 रुपये भगवान गणेश और कमल के फूल के आकार में बने लकड़ी के एक बक्से जैसी वस्तुओं के लिए रखी गई थी. वहीं सबसे अधिक शुरुआती कीमत ढाई लाख रुपये, एक्रलिक रंग से बने एक चित्र के लिए तय की गई थी जिसमें तिरंगे की पृष्ठभूमि में महात्मा गांधी के साथ प्रधानमंत्री की तस्वीर उकेरी गई थी. यह चित्र अंत में 25 लाख रुपये में बिका.

प्रधानमंत्री की अपनी मां से आशीर्वाद लेते हुए एक तस्वीर के लिए 20 लाख रुपये बोली लगाई गई. वहीं नीलामी में बिकी अन्य लोकप्रिय वस्तुओं में मणिपुरी लोक कृतियां (10 लाख रुपये), बछड़े को दूध पिलाती गाय की धातु से बनी मूर्ति (10 लाख रुपये) और स्वामी विवेकानंद की धातु से बनी 14 सेंटीमीटर की मूर्ति (छह लाख रुपये) शामिल थीं.

(इनपुट-भाषा)