नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बुधवार को कहा कि गैंगस्टर इकबाल मिर्ची धनशोधन जांच मामले में 600 करोड़ रुपये के बाजार मूल्य वाली संपत्तियों को कुर्क किया गया है. इन संपत्तियों को मिर्ची ने अपने परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों के नाम पर अर्जित किया था. बता दें भगोड़ा गैंगस्टर दाऊद इब्राहिम के सहायक मिर्ची की साल 2013 में लंदन में मौत हो गई थी.

एजेंसी ने एक बयान में कहा कि इन संपत्तियों में मुंबई के वर्ली क्षेत्र में स्थित सीजे हाउस की तीसरी और चौथी मंजिल, मुंबई के ताड़देव में अरुण चैंबर्स में स्थित एक कार्यालय, क्रॉफर्ड मार्केट में तीन वाणिज्यिक दुकानें और लोनावला में बंगले और जमीन (पांच एकड़ से अधिक) शामिल हैं.

बयान में कहा गया है कि इन संपत्तियों को मिर्ची ने अपने परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों के नाम पर अर्जित किया था.

प्रवर्तन निदेशालय ने हाल में मुंबई में एक विशेष अदालत के समक्ष इस मामले में एक आरोप पत्र दाखिल किया था.प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गैंगस्टर इकबाल मिर्ची से जुड़े धन शोधन के मामले में 9 दिसंबर को आरोप पत्र दाखिल किया था.

प्रवर्तन निदेशालय मिर्ची द्वारा रॉकसाइड इंटरप्राइज के जरिए 6.5 लाख रुपए से सितंबर 1986 में महानगर के वर्ली इलाके में सर मोहम्मद यूसुफ ट्रस्ट की तीन संपत्तियां खरीदने की जांच कर रहा है. ईडी ने धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत अब तक चार लोगों को गिरफ्तार किया है.

गिरफ्तार किए जाने वालों में मिर्ची के सहायक हुमायूं मर्चेंट, मिर्ची की संपत्ति के सौदे में मध्यस्थ रंजीत बिंद्रा और रिंकू देशपांडे शामिल हैं. भगोड़ा गैंगस्टर दाऊद इब्राहिम के सहायक मिर्ची का 2013 में लंदन में निधन हो गया.