एडटेक स्टार्टअप (Edtech startup) आविष्कार ने आज मंगलवार को कहा कि उसने प्री-सीरीज ए फंडिंग में 5 करोड़ रुपए जुटाए हैं जो प्रतिभाओं को काम पर रखने के अलावा उत्पाद विकास और अपने पोर्टफोलियो के विस्तार में मदद करेगा. वित्त वर्ष 2021 में 5 गुना वृद्धि दर्ज करने वाली कंपनी अपने हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर उत्पादों के माध्यम से 5 से 15 साल के बच्चों के लिए रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), कोडिंग और ऐप डेवलपमेंट पर ध्यान केंद्रित करती है.Also Read - 4 साल की बच्ची पहन रही थी Smartwatch और अचानक हो गया विस्फोट!

आविष्कार के सह-संस्थापक और सीईओ अरुण भल्ला ने कहा, ‘अविष्कार का दृष्टिकोण एक ऐसे मंच में से एक है जिसमें हार्डवेयर किट, सॉफ्टवेयर समाधान और लाइव ऑनलाइन कक्षाएं शामिल हैं जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि बच्चों के पास इन कौशलों में उत्कृष्टता के लिए सही उपकरण, पाठ्यक्रम, कोचिंग और वातावरण है.’ Also Read - स्मार्टफोन को हैकर्स या फ्रॉड से बचाने के लिए सेटिंग में जरूर करें ये बदलाव, नहीं तो हो सकती है दिक्कत

प्री-सीरीज ए निवेशकों में ऑक्सानो, मुंबई एंजल्स और एंजेल निवेशक आलोक मित्तल (इंडिफी टेक्नोलॉजीज के सीईओ) और वरुण अग्रवाल (एस्पायरिंग माइंड्स के सह-संस्थापक) शामिल थे. आविष्कार ने इससे पहले 2018 में ऑक्सानो से बीज निवेश में 5 करोड़ रुपए जुटाए थे. Also Read - OnePlus Nord CE 5G से लेकर Poco M3 Pro 5G तक पिछले हफ्ते भारत में लॉन्च हुए कई शानदार स्मार्टफोन, यहां देखें पूरी लिस्ट

ऑक्सानो के संस्थापक और प्रबंध भागीदार बृजेश दामोदरन नायर ने कहा, ‘नए वर्टिकल बनाने, नेतृत्व और परिचालन टीमों को मजबूत करने के साथ-साथ नई उत्पाद लाइन लॉन्च करने के बाद, आविष्कार अधिक ऊंचाइयों तक पहुंचने के लिए तैयार है.’

पूर्व-कोविड अवधि में, कंपनी 1,500 से अधिक स्कूलों के साथ काम कर रही थी और अपने उपयोगकर्ता-आधार को 100,000 से अधिक बच्चों तक बढ़ा चुकी थी. 2017 में आविष्कार ने नीति आयोग द्वारा परिकल्पित अटल टिंकरिंग लैब्स की स्थापना शुरू की. कंपनी ने देश भर में ऐसी 1,000 से अधिक प्रयोगशालाएं स्थापित की हैं. (IANS)