नई दिल्ली। देश के 5 राज्यों में चुनाव परिणाम सामने आने के बाद दिल्ली में आम आदमी पार्टी (आप) सरकार के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पहली बार मीडिया के सामने आए। केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर चुनाव में इस्तेमाल होने वाली ईवीएम की प्रमाणिकता पर सवाल उठाए। केजरीवाल ने सुब्रमण्यन स्वामी के केस का हवाला दिया और कहा कि सुप्रीम कोर्ट भी कह चुका है कि ईवीएम टैंपर्ड की जा सकती हैं। उन्होंने लालकृष्ण आडवाणी के बयान का भी हवाला दिया।

अरविंद केजरीवाल की पार्टी आप को पंजाब और गोवा से काफी उम्मीदें थीं। 2014 के लोकसभा चुनाव में पंजाब में पार्टी ने 4 सीटें जीती थीं लेकिन विधानसभा चुनाव में मुंह की खाने पर केजरीवाल का दर्द प्रेस कॉन्फ्रेंस में साफ दिखाई दिया। केजरीवाल ने कहा कि हमें कई बूथों पर 4, 5, 6 इस प्रकार से वोट मिले, ऐसा कैसे हो सकता है? उन्होंने एक निर्दलीय प्रत्याशी का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रत्याशी ने खुद को तो वोट डाला होगा लेकिन उसके लिए डाले गए वोटों की संख्या गिनती में शून्य आई। केजरीवाल ने दावा किया कि बड़ी संख्या में आप को डाले गए वोट अकाली और कांग्रेस को ट्रांसफर हो गए।

दिल्ली के सीएम ने कहा कि कई लोग मान रहे थे कि पंजाब में अकाली के खिलाफ गुस्सा है और आप ही चुनाव जीत रही है लेकिन फिर भी आप को 25 फीसदी वोट मिले और अकाली को 31 फीसदी। यह कैसे संभव है? उन्होंने कहा कि ईवीएम से यह संभव है कि आप को डाले गए 20-25 फीसदी वोट शेयर अकाली-बीजेपी गठबंधन को ट्रांसफर हो गए हों। केजरीवाल ने कहा कि यह चुनाव आयोग की जिम्मेदारी है कि वह ईवीएम के प्रति लोगों का भरोसा बनाए रखे।

उन्होंने कहा कि चुनाव तो अब हो गए हैं और इन्हें रद्द करना भी संभव नहीं लेकिन चुनाव प्रक्रिया में लोगों का भरोसा बनाए रखने के लिए चुनाव आयोग को प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को वीवीपैट स्लिप की गिनती करनी चाहिए और उन्हें ईवीएम परिणाम के आंकड़ों से जोड़ना चाहिए, अगर वह मेल खा लेती है तो लोगों का भरोसा बढ़ जाएगा।

केजरीवाल ने गोवा में हार को स्वीकार किया लेकिन पंजाब को लेकर वह तमाम तरह के आरोप लगाते रहे। उन्होंने कहा कि हमारे वोट शेयर भी अकाली और कांग्रेस को मिले इसीलिए वह जीते। दोनों मिलकर सिर्फ आप को सत्ता से दूर रखना चाहते थे। केजरीवाल ने कहा कि जिन लोगों ने ईवीएम टैंपर किया है उन्हें जवाबदेह होना होगा। आखिर उन्होंने बिहार और दिल्ली में ऐसा क्यों नहीं किया?

केजरीवाल ने कहा कि विकसित देशों ने ईवीएम का प्रयोग बंद कर दिया है, क्या हम इसपर विचार नहीं कर सकते हैं? उन्होंने सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी के अलावा बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी के बयान का भी उल्लेख किया जिसमें उन्होंने ईवीएम टैंपर किए जाने की संभावना जताई थी।

पंजाब में आप के प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि प्रणव रॉय, शेखर गुप्ता ने ट्वीट कर कहा था कि पंजाब में आप की लहर है।