मुंबई: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शनिवार को दीवान हाउसिंग फाइनेंस कॉर्प लिमिटेड (डीएचएफएल) के कार्यालयों और इसके प्रमोटरों के आवासों सहित करीब आठ स्थानों पर छापे मारे. यह छापेमारी अंडरवल्र्ड डॉन दाऊद इब्राहिम और उसके सहयोगियों के करीबी रहे इकबाल मिर्ची से संबंधित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में की गई है.Also Read - बॉलीवुड एक्‍ट्रेस नोरा फतेही को लग्जरी कार गिफ्ट में दी थी, ठगी के आरोपी सुकेश चंद्रशेखर का दावा

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मिर्ची की 2013 में मृत्यु हो गई थी. ईडी ने 11 अक्टूबर को उसके दो सहयोगियों हारून यूसुफ और रंजीत सिंह बिंद्रा को गिरफ्तार किया था. वित्तीय जांच एजेंसी ने मंगलवार को मुंबई की एक अदालत को बताया कि डीएचएफएल द्वारा सनब्लिंक रियल एस्टेट प्राइवेट लिमिटेड को तीन संपत्तियों पर 2,186 करोड़ रुपये का ऋण दिया गया था, जो इकबाल मिर्ची मामले में जांच के दायरे में हैं. एजेंसी अब ऋण से संबंधित डीएचएफएल के दस्तावेजों की जांच कर रही है. Also Read - Jacqueline Fernandez पूछताछ के लिए ED के समक्ष हुईं पेश, जानें क्या है मामला...

कंपनी ने सनब्लिंक को 2010 में ऋण देना शुरू
ईडी ने जांच के दौरान पाया कि कंपनी ने सनब्लिंक को 2010 में ऋण देना शुरू किया था. ईडी इस बात की जांच कर रहा है कि क्या सनब्लिंक द्वारा नौ साल की अवधि में इकबाल मिर्ची के खातों में कथित रूप से 2,186 करोड़ रुपये विदेशों में भेजे गए. डीएचएफएल का हालांकि कहना है कि वह किसी भी गलत काम में शामिल नहीं रहा. (इनपुट एजेंसी)