नई दिल्ली: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के करीबी सहयोगी अहमद पटेल से तीन दिन पहले प्रवर्तन निदेशालय ने पूछताछ की थी, अब मंगलवार को एक बार फिर एजेंसी की टीम गुजरात स्थित स्टर्लिग बायोटेक द्वारा किए गए कथित करोड़ों रुपये के धोखाधड़ी मामले में पूछताछ के लिए उनके आवास पहुंची. वित्तीय जांच एजेंसी की एक टीम के अधिकारी धनशोधन कानून अधिनियम के तहत मंगलवार सुबह पटेल का बयान दर्ज करने 23, मदर टेरेसा क्रिस्चन रोड स्थित उनके आवास पहुंचे. Also Read - Sachin Pilot News: सचिन पायलट के खिलाफ कांग्रेस हाईकमान ने की कार्रवाई, उपमुख्यमंत्री पद से हटाया

मामले से जुड़े एक ईडी सूत्र ने आईएएनएस को बताया, “एजेंसी ने शनिवार को पटेल से पूछताछ की थी, लेकिन वे संतुष्ट नहीं हुए थे. इसलिए वह उनका बयान दर्ज करने एक बार फिर उनके आवास पहुंचे.” राज्यसभा सांसद पटेल ने शनिवार को चली आठ घंटे की पूछताछ के बाद कहा था, “चीन के खिलाफ कार्रवाई करने, कोविड-19 महामारी से निपटने के बदले, वे लोग विपक्ष पर हमला कर रहे हैं. प्रधानमंत्री मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के लोग आए थे और मुझसे पूछताछ की और मैंने उनके सवालों का जवाब दिया.” Also Read - ED ने दिल्ली-गाजियाबाद में मारी रेड, 8 ठि‍कानों से मिला करोड़ों रुपए का कैश

पिछले साल, ईडी ने पटेल के बेटे फैसल पटेल से संदेसरा बंधुओं(चेतन जयंतिलाल संदेसरा और नितिन जयंतिलाल) के साथ उसके संबंधों को लेकर पूछताछ की थी. ईडी ने संदेसरा समूह के कर्मचारी सुनिल यादव का बयान भी दर्ज किया था, जिसमें उसने कहा था कि कांग्रेस नेता का बेटा पार्टी के लिए अपने दोस्तों को लेकर फार्म हाउस आया था और सभी खर्चे का वहन चेतन ने किया था. ईडी को संदेह है कि फैसल और उसके साले इरफान सिद्दकी का संदेसरा बंधुओं से करीबी संबंध है. Also Read - अहमद पटेल के बचाव में उतरीं प्रियंका गांधी, बोली- पटेल के घर ईडी भेजना सरकार की प्राथमिकताओं को दर्शाता है