वर्षो तक लगातार अत्यधिक नमक वाली खुराक लेते रहने से ज्यादा शरीर में यूरिक एसिड बनने और पेशाब में एल्बुमिन की मौजूदगी से रक्त धमनियों के क्षतिग्रस्त होने की आशंका रहती है। साथ ही ज्यादा नमक वाला आहार लेने वालों में उच्च रक्तचाप होने की आशंका बनी रहती है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के मानद महासचिव डॉ. के.के. अग्रवाल ने बताया कि अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के शोधपत्र ‘सकुर्लेशन’ ने सोडियम की खपत और यूरिक एसिड के रक्त में स्तर और पेशाब में एल्बुमिन की मौजूदरी जो कि रक्त शिराओं के क्षतिग्रस्त होने के कारण बनते हैं, के आपसी संबंध का अध्ययन किया।  यह भी पढ़े-मधुमेह से दिल के दौरे का 50 फीसदी ज्यादा खतराAlso Read - World Hypertension Day 2022: 'सांस लेने में दिक्कत' हो सकती है हाइपरटेंशन की समस्या, जानें अन्य लक्षण

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अध्ययन में उन लोगों को शामिल किया गया जो उच्च रक्तचाप की दवा नहीं लेते। ज्यादा सोडियम लेने से वक्त के साथ यूरिक एसिड और एल्बुमिन का स्तर बढ़ने का संबंध पाया गया। Also Read - World Hypertension Day 2022: हाइपरटेंशन को कहें गुड बाय, आज ही अपनाएं ये आसान से तरीके

शोध में कहा गया कि अगर आहार में नमक की मात्रा ज्यादा होगी और यह दोनों जितने ज्यादा होंगे, हाइपरटेंशन होने का खतरा भी उतना ही ज्यादा होगा। कम मात्रा में सोडियम लेने वालों की तुलना में ज्यादा मात्रा में सोडियम लेने वालों को हाई ब्लड प्रेशर होने की 21 प्रतिशत संभावना ज्यादा पाई गई।

डॉ. अग्रवाल ने कहा कि जिन्हें यूरिक एसिड की समस्या थी और जो ज्यादातर नमक खाते थे, उनमें उच्च रक्तचाप की आशंका 32 प्रतिशत ज्यादा और जिनके पेशाब में एलब्यूमिन का स्तर ज्यादा और नमक का सेवन भी ज्यादा था, उनमें उच्च रक्तचाप की आशंका 86 प्रतिशत ज्यादा थी।