नई दिल्ली: निरक्षरों से लेकर प्रोफेशनल्स के बीच आम आदमी पार्टी भाजपा पर भारी पड़ी. आम आदमी पार्टी की योजनाएं सभी वर्गो के बीच छाप छोड़ने में सफल रहीं. यह बात आईएएनएस-सी वोटर के एक्जिट पोल में सामने आई है. अलग-अलग शैक्षिक योग्यताओं वाले मतदाता अरविंद केजरीवाल की अगुवाई वाली आम आदमी पार्टी को वोट देने में शनिवार को रुचि लेते नजर आए. Also Read - CBSE Board Exams Updates: केजरीवाल ने केंद्र से बोर्ड परीक्षा रद्द करने की मांग की, कहा- ऐसे हालात में एग्जाम के बदले...

मतदान के दिन सभी 70 विधानसभा सीटों के कुल 11,839 ऐसे मतदाताओं को एक्जिट पोल में शामिल किया गया जो अलग-अलग शैक्षिक योग्यता रखते थे. पता चला कि अधिकांश आप आदमी पार्टी का समर्थन करते नजर आए. सबसे बड़े समर्थक ऐसे लोग रहे जो या तो पढ़े-लिखे नहीं थे या फिर अनौपचारिक शिक्षा वर्ग(नॉन फॉर्मल एजूकेशन) से जुड़े रहे. Also Read - Delhi CoronaVirus Update 13 April 2021: दिल्ली में कोरोना का कोहराम, केजरीवाल सरकार ने लिया ये बड़ा फैसला...

54.7 प्रतिशत निरक्षर लोगों ने कहा कि उन्होंने आम आदमी पार्टी को वोट दिया, जबकि 27.7 प्रतिशत ने भाजपा और 11 प्रतिशत ने कांग्रेस के बारे में बात की. प्राइमरी तक की शिक्षा हासिल करने वाले 48.4 प्रतिशत ने आम आदमी पार्टी, 36.8 प्रतिशत ने भाजपा और महज 9.1 प्रतिशत ने कांग्रेस को वोट देने की बात कही. Also Read - Corona Guidelines for Navratri and Ramadan 2021: यूपी, बिहार से लेकर महाराष्ट्र तक, जानिए इन 6 राज्यों में नवरात्र और रमजान को लेकर क्या हैं नियम?

प्रोफेशनल्स के बीच भाजपा और आम आदमी पार्टी दोनों की पकड़ नजर आई. हालांकि यहां भी आम आदमी पार्टी 44.9 प्रतिशत समर्थन के साथ बाजी मारती दिखी, जबकि 41.6 प्रतिशत प्रोफेशनल्स ने भाजपा को वोट देने की बात कही. स्नातक डिग्रीधारी 48.9 प्रतिशत लोगों ने आम आदमी पार्टी को वोट देने की बात कही वहीं 37.9 प्रतिशत ने कहा कि उन्होंने भाजपा को वोट दिया. जबकि 7.1 प्रतिशत ने कांग्रेस को वोट देने की बात कही.

आम आदमी पार्टी पोस्ट ग्रेजुएशन यानी परास्नातक की शिक्षा हासिल करने वाले मतदाताओं के बीच भी लोकप्रिय रही. ऐसे 45.5 प्रतिशत वोटर्स ने कहा कि उन्होंने आम आदमी पार्टी को वोट दिया.