Fake Currency: देश में 2018 और 2019 में कुल 43.34 करोड़ रुपये मूल्य की जाली भारतीय मुद्रा जब्त की गई है. सरकार ने लोकसभा में यह जानकारी दी. लोकसभा में हिबी इडेन के प्रश्न के लिखित उत्तर में गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बताया कि वर्ष 2018 में 2.57 लाख जाली भारतीय नोट जब्त किये गए, जबकि वर्ष 2019 में 2.87 लाख जाली भारतीय नोट जब्त किये गए.Also Read - Monsoon Session: मॉनसून सत्र में काम कम, हंगामा ज्यादा; राज्यसभा में 28 फीसदी और लोकसभा में महज 22% हुआ कामकाज

सरकार द्वारा निचले सदन में रखे गए आंकड़े के अनुसार, वर्ष 2018 में 17.95 करोड़ रुपये की जाली भारतीय मुद्र जब्त की गई और वर्ष 2019 में 25.39 करोड़ रुपये मूल्य की जाली भारतीय मुद्रा जब्त की गई. एक अन्य प्रश्न के उत्तर में गृह राज्य मंत्री ने बताया कि राष्ट्रीय जांच अभिकरण (एनआईए) ने पिछले दो वर्षों के दौरान जाली मुद्रा से संबंधित 22 मामले दर्ज किये. इन 22 मामलों में 12 मामले उच्च गुणवत्ता वाली जाली भारतीय मुद्रा को जब्त करने से संबंधित हैं. Also Read - OBC Bill: राज्य और केंद्र शासित प्रदेश अब बना सकेंगे अपनी OBC सूची, विधेयक को लोकसभा की मंजूरी

राय ने कहा कि जाली मुद्रा के मामलों सहित एनआईए द्वारा जांच वाले मामलों के शीघ्र विचार के लिये देशभर में 48 विशेष न्यायालय स्थापित किये गए हैं. जाली मुद्रा से संबंधित अपराधों के लिये अधिकतम दंड आजीवन कारावास है. उन्होंने बताया, ‘आतंकवाद के वित्तपोषण तथा जाली मुद्रा के मामलों की जांच करने के लिये राष्ट्रीय जांच अभिकरण में आतंक वित्त पोषण एवं फर्जी मुद्रा प्रकोष्ठ का गठन किया गया है.’ Also Read - OBC रिजर्वेशन पर राज्‍यों को अधिकार देने वाला संविधान संशोधन बिल लोकसभा में पेश

(इनपुट: भाषा)