नई दिल्ली. पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) धोखाधड़ी मामले में सहआरोपी और भगोड़े आभूषण कारोबारी मेहुल चोकसी को लेकर एंटीगुआ और बारबुडा के विदेश मंत्री से सवाल किया गया. न्यूयॉर्क में न्यूज एजेंसी एएनआई के रिपोर्टर ने जब ईपी चेत ग्रीन से चौकसी के प्रत्यर्पण को लेकर सवाल पूछा तो पहले तो वह इसका जवाब देने से बचते रहें. बाद में उन्होंने कहा, इस बारे में अपने विदेश मंत्री से पूछें. बता दें कि मेहुल चोकसी के बारे में सूचना है कि वह एंटीगुआ में रह रहा है. हालांकि, उसने एक वीडियो जारी करके भारत वापस लौटने से जान को खतरा बताया है.

इस साल 22 मई को सीबीआई द्वारा 12,636 करोड़ रुपये के पीएनबी धोखाधड़ी मामले में दायर दूसरे आरोपपत्र पर संज्ञान लेने के बाद विशेष अदालत ने चोकसी के खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी किया था. चोकसी ने अपने वकील संजय एबोट के जरिये शु्क्रवार को दायर आवेदन में कहा कि सुरक्षा को लेकर उनकी चिंताएं धोखाधड़ी पर एक हालिया टेलीविजन चर्चा के दौरान हुई बातचीत पर आधारित हैं. उन्होंने अदालत से कहा कि वह एक राष्ट्रीय टेलीविजन समाचार चैनल पर उस चर्चा देखकर हैरान थे जिसमें दो कॉलरों ने धोखाधड़ी के संबंध में अपनी राय साझा करने के लिए कॉल किया था.

चोकसी ने याचिका में दावा किया कि कॉलरों ने सुझाव दिया कि मेहुल चोकसी को खोजने के लिए एक विशेष टीम गठित होनी चाहिए और उन्हें भारत वापस लाकर उनकी गोली मारकर हत्या कर देनी चाहिए. चोकसी ने दावा किया कि कॉलरों ने कहा कि इस तरह का व्यवहार समाज में कड़ा संदेश देगा और यह भविष्य में धोखाधड़ी तथा वित्तीय घोटालों को रोकेगा.

चोकसी ने अपनी याचिका में दावा किया कि समाचार प्रस्तोता और पैनल में शामिल लोगों ने कॉलर द्वारा की गई टिप्पणियों पर आपत्ति नहीं जताई. चोकसी ने कुछ आडियो और वीडियो सीडी भी भेजीं. उन्होंने अदालत से उनके खिलाफ जारी गैरजमानती वारंट रद्द करने का अनुरोध किया.