नई दिल्ली: पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी उन 575 लोगों में शामिल हैं जो करतारपुर गलियारे के जरिये पाकिस्तान में गुरुद्वारा दरबार साहिब जाने वाले पहले जत्थे का हिस्सा होंगे. केंद्र सरकार के सूत्रों ने मंगलवार को बताया कि भारत ने मंगलवार को 575 लोगों की सूची पाकिस्तान के साथ साझा की. केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल और पंजाब के सांसद और विधायक भी इस समूह का हिस्सा होंगे. Also Read - Former PM Manmohan Singh Covid-19 Positive: पूर्व पीएम मनमोहन सिंह को हुआ कोरोना, AIIMS में भर्ती

ऐसी जानकारी मिली है कि पाकिस्तान ने एसजीपीसी (शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी) और डीएसजीएमसी (दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी) के प्रतिनिधियों के साथ पंजाब सरकार की अगुवाई वाले समग्र प्रतिनिधिमंडल को ‘अखंड पाठ’ (पवित्र ग्रंथ का संपूर्ण पाठ) और ननकाना साहिब में ‘नगर कीर्तन’ आयोजित करने से मना कर दिया था. Also Read - Covid-19 पर सियासी जंग: केंद्रीय मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने पूर्व पीएम मनमोहन पर किया पलटवार, पत्र ट्वीट कर कसा ये तंज

ऐसी जानकारी मिली है कि पंजाब सरकार के 31 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल और 450 भारतीय श्रद्धालुओं को वीजा नहीं दिया गया है जबकि भारत सरकार ने पाकिस्तानी उच्चायोग को इसके लिये अनुशंसा की थी. यह भी जानकारी मिली है कि पाकिस्तान ने खुद से श्रद्धालु समूह का नेतृत्व करने के लिये परमजीत सिंह सरना को चुनने का फैसला किया है. Also Read - केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर को हुआ कोरोना, कुछ दिन पहले ही ली थी कोरोना वैक्सीन

पाकिस्तान ने भारत द्वारा दिये गए उस प्रस्ताव पर अब तक जवाब नहीं दिया है जिसमें 12 नवंबर को ‘गुरुपर्व’ पर यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या 1974 के प्रोटोकॉल के तहत 3000 की जगह 10 हजार करने को कहा गया था.

(इनपुट भाषा)