Buta Singh passes away, Latest News : पूर्व केंद्रीय मंत्री और 8 बार सांसद रह चुके कांग्रेस नेता बूटा सिंह (Buta Singh) का आज शनिवार को निधन हो गया. वह 86 वर्ष के थे. पिछले लंबे समय से वह बीमार चल रहे थे. पीएम नरेेंद्र मोदी नेे बूटा स‍िंह के न‍िधन पर दुुुुख जताया है. Also Read - अगले चरण में कोरोना टीका लगवाएंगे अमरिंदर सिंह, भारत सरकार के दिशा-निर्देशों का करेंगे पालन

पूर्व केंद्रीय मंत्री बूटा सिंह के निधन के बारे में न्‍यूज एएनआई ने जानकारी दी है. वह 8 बार सांसद चुने गए और उन्‍होंने कई बार केंद्रीय मंत्री के पद पर रहते हुए अहम जिम्‍म्‍मेदारी निभाई थी. Also Read - बिहार विधान परिषद जाएंगे पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन, बीजेपी ने दिया एमएलसी का टिकट

पीएम नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर कहा, श्री बूटा सिंह जी गरीबों के कल्याण के साथ-साथ दलितों के कल्याण के लिए एक अनुभवी प्रशासक और प्रभावी आवाज थे. उनके निधन से दुखी. उनके परिवार और समर्थकों के प्रति मेरी संवेदना.

सिंह को पहली बार साधना निर्वाचन क्षेत्र से लोकभा के लिए चुना गया था. वह जवाहरलाल नेहरू के प्रधानमंत्री बनने के बाद से कांग्रेस पार्टी से जुड़े हुए थे. वह पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी और राजीव गांधी के बेहद करीबी रहे हैं.

पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री और कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ दलित नेता सरदार बूटा सिंह का जन्‍म 21 मार्च, 1934 को पंजाब के जालंधर जिले के मुस्तफापुर गांव में हुआ था.

बूटा सिंह राजीव गांधी की सरकार में वर्ष 1984 से 1986 तक कृषि मंत्री और 1986 से 1989 तक गृह मंत्री रहे हैं. बूटा सिंह साल 1962 से 2004 के बीच आठ बार लोकसभा के लिए चुने जा चुके हैं. कांग्रेस नेता बूटा सिंह वर्ष 2004 से 2006 तक बिहार के राज्यपाल रहे. साथ ही वह वर्ष 2007 से 2010 तक राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष भी रह चुके हैं. साल 2014 में लोकसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस छोड़कर बूटा सिंह समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए थे.