frequently asked questions FAQ on corona vaccination in india: भारत के केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) की 10 सदस्यीय विषय विशेषज्ञ समिति ने शुक्रवार को ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका कोरोनावायरस वैक्सीन ‘कोविशिल्ड’ के आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण को मंजूरी दे दी.Also Read - OMICRON Variant: WHO ने कोरोना वायरस के वैरिएंट को 'ओमीक्रॉन' दिया नाम, चेतावनी जारी

विशेषज्ञ पैनल ने सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) की ओर से ‘कोविशिल्ड’ और भारत बायोटेक द्वारा ‘कोवैक्सीन’ के लिए मांगे गए आपातकालीन उपयोग (corona vaccination in india) प्राधिकरण पर निर्णय लेने के लिए एक बैठक बुलाई थी. Also Read - टीके के असर को बेहद कम कर देता है दक्षिण अफ्रीका में पाया गया कोरोना का नया वैरिएंट, कई देशों ने हवाई यात्रा रोकी

एक बार जब समिति की ओर से वैक्सीन के लिए रास्ता साफ हो गया, तब अंतिम अनुमोदन के लिए आवेदन भारतीय औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) वी. जी. सोमानी को भेज दिया जाएगा. दरअसल पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट (SII) ने 6 दिसंबर को ऑक्सफोर्ड COVID-19 वैक्सीन के लिए EUA के लिए ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (DCGI) को आवेदन दिया था Also Read - 15 और देशों ने भारत की Corona Vaccine को मान्यता दी, ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश भी शामिल

अब जब भारत में पहली कोरोना वैक्सीन को अप्रूवल मिल गया है तो ऐसे में आपके अंदर कई सवाल आ रहे होंगे कि कब, कहां, कैसे और किसको लगेगा कोरोना का टीका? तो आज हम आपको हर सवाल का जवाब देंगे.

लोगों को कब से वैक्सीन लगेगी? (When will people start getting vaccinated?)

ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया वी. जी. सोमानी के मुताबिक, महामारी के मद्देनजर आवेदकों को अनुमति प्रदान करने की पक्रिया तेजी से चल रही है और साथ ही पूरे डाटा की प्रतीक्षा किए बिना ही पहले और दूसरे चरण के परीक्षणों को अनुमति दी गई है. रिपोर्ट्स के मुताबिक इसी महीने के अंत से पहले आम लोगों तक वैक्सीन पहुंच जाएगी. वैक्सीन विभिन्न स्तर पर ट्रायल के फाइनल स्टेज में है. वैक्सीन से संबंधित ज्यादा जानकारी के लिए www.mohfw.gov.in पर विजिट कर सकते हैं.

सबसे पहले किसे लगाई जाएगी कोरोना वैक्सीन? (Who will be the first to get the corona vaccine?)

भारत सरकार ने प्राथमिकता वाले समूहों का चयन किया है. इसमें जो लोग ज्यादा जोखिम उठा रहे हैं उन्हें ही पहले ये वैक्सीन दी जाएगी. स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि सरकार तीन चरणों में टीका लगवाएगी. इनमें पहले चरण में सभी फ्रंटलाइन हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स और दूसरे चरण में आपातकालीन सेवाओं से जुड़े लोगों को वैक्सीन का टीका लगेगा. राज्य सरकारें इन लोगों का डाटा इकट्ठा करने में लगी हैं. इसके बाद तीसरे चरण में उन लोगों को वैक्सीन लगाई जाएगी, जो गंभीर बीमारियों के शिकार हैं.

क्या कोरोना टीका लगवाने के लिए कहीं रजिस्ट्रेशन करना होगा?

जी हां, बिल्कुल करना होगा. मंत्रालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से यह सुनिश्चित करने को कहा है कि सभी लाभार्थियों का ब्योरा ‘को-विन’ ऐप पर अपलोड हो. यानी की आपको इस ऐप पर रजिस्टर कपना होगा. केंद्र सरकार ने Co-WIN नाम का एक ऐसा ऐप बनाया है, जो कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) की पूरी प्रक्रिया पर निगरानी रखेगा, जिसे मुफ्त में डाउनलोड किया जा सकता है. लोगों को वैक्सीन के लिए यहां रजिस्टर करना होगा. यह ऐप टीकाकरण की प्रक्रिया, प्रशासनिक क्रियाकलापों, टीकाकरण कर्मियों और उन लोगों के लिए एक मंच की तरह काम करेगा, जिन्हें वैक्सीन लगाई जानी है.

पहले चरण में कितने लोगों को लगेगी वैक्सीन? (How many people will be vaccinated in the first phase?)

केंद्र सरकार ने ड्राइव के पहले चरण में लगभग 30 करोड़ लोगों को टीका लगाने की योजना बनाई है.

क्या सभी को वैक्सीन लेना जरूरी है? (Is everyone required to take the vaccine?)

नहीं, कोरोना का टीका लगवाना स्वैच्छिक है. यानी आप अपनी मर्जी के हिसाब से टीका लगवा सकते हैं. हालांकि, स्वयं की सुरक्षा के लिए वैक्सीन का पूरा डोज लेने की सलाह दी जाती है ताकि इस बीमारी को अपने परिवार के सदस्यों, दोस्तों, संबंधियों और काम करने वाले सहयोगियों में प्रसार से रोका जा सके.

यह कैसे पता चलेगा कि आप वैक्सीन के लिए योग्य हैं?

पहले चरण में प्राथमिकता वाले समूह को COVID-19 वैक्सीन दी जाएगी जिनमें हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्कर्स शामिल हैं. फिर वैक्सीन की उपलब्धता के आधार पर दूसरे चरण में आपातकालीन सेवाओं से जुड़े लोगों को वैक्सीन को टीका लगेगा. इसके बाद 50 साल से अधिक उम्र वाले लोगों को वैक्सीन उपलब्ध कराई जाएगी. इसके बाद अगर आप वैक्सीन के लिए योग्य हैं तो आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर के जरिए इसकी सूचना दी जाएगी. आपको बताया जाएगा की वैक्सीन कहां दी जाएगी और उसका टाइम शेड्यूल भी बताया जाएगा.

मैं कोरोना से ठीक हो चुका हूं, क्या मेरे लिए भी कोरोना वैक्सीन जरूरी है? (I am cured of corona, is the corona vaccine necessary for me too?)

हां, ऐसे कई मामले पाए गए हैं जब लोगों को दोबोरा कोरोना संक्रमण हुआ है. इसलिए पिछले अनुभव को भूलकर वैक्सीन का पूरा डोज लेना चाहिए. यह कोरोना के खिलाफ मजबूत इम्यूनिटी डेवलप करेगा.

इस्तेमाल के लिए इजाजत पाने वाली वैक्सीन के पास कितनी खुराखें अभी मौजूद हैं?

सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) अब तक ऑक्सफोर्ड एस्ट्राजेनेका कोविड-19 टीके की करीब पांच करोड़ खुराक का उत्पादन कर चुकी है. कंपनी ने सोमवार को कहा कि उसका लक्ष्य अगले साल मार्च तक 10 करोड़ खुराक के उत्पादन का है.

कितने रुपये में लगेगी ऑक्सफोर्ड की कोविशील्ड कोरोना वैक्सीन?

सीरम इंस्टीट्यूट के सीईओ अदार पूनावाला ने एक बयान में कहा, ” भारत सरकार के लिए, कोविड वैक्सीन प्रति डोज 3 अमरीकी डालर की होगी. प्रत्येक व्यक्ति को वैक्सीन की दो डोज लगाई जाएंगी. इसलिए 6 डॉलर [440 रुपये प्रति व्यक्ति] की वैक्सीन पड़ेगी. हालांकि पूनावाला ने कहा कि निजी बाजार में इसकी कीमत लगभग 700-800 रुपये होगी.

क्या कोविशील्ड के अलावा भारत में और भी कोई वैक्सीन आएगी?

जी हां, स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि भारत बायोटेक की कोवैक्सीन (covaxin) पर निर्णय का अभी भी इंतजार किया जा रहा है. हैदराबाद स्थित Bharat Biotech ने 7 दिसंबर को अपनी स्वदेशी रूप से विकसित कोवैक्सीन के लिए इजाजत मांगी थी. इसके अलावा अमेरिकी कंपनी फाइजर ने 4 दिसंबर को अपने टीके के लिए विनियामक अनुमोदन के लिए आवेदन किया था. फाइजर ने हालांकि अभी डेटा पेश करने के लिए और समय मांगा है. हालांकि अभी अनुमति केवल ऑक्सफोर्ड की कोविशील्ड को मिली है. पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट ने क्लिनिकल परीक्षण और ‘कोविशिल्ड’ के निर्माण के लिए ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका के साथ भागीदारी की है, जबकि भारत बायोटेक ने इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) के साथ मिलकर ‘कोवैक्सीन’ बनाई है.

लोगों को वैक्सीन लगाने के लिए सरकार क्या कर रही है?

केंद्र ने बृहस्पतिवार को कहा कि दो जनवरी को सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों द्वारा कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास (ड्राई रन) किया जाएगा जिससे कि अभियान में आने वाली चुनौतियों की पहचान की जा सके और योजना तथा क्रियान्यवन के बीच की कड़ियों को परखा जा सके. इस कवायद को सभी राज्यों की राजधानियों में कम से कम तीन सत्र स्थलों पर अंजाम दिए जाने का प्रस्ताव है. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि कुछ राज्यों में इस कवायद को ऐसे जिलों में भी अंजाम दिया जाएगा जहां पहुंच आसान नहीं है तथा जहां साजो-सामान संबंधी सुविधाओं की अच्छी व्यवस्था नहीं है. केंद्र सरकार ने सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास शुरू करने की प्रभावी तैयारियां शुरू करने को भी कहा है.

टीका के लिए कोई हेल्पलाइन नंबर भी है क्या?

टीका/सॉफ्टवेयर संबंधी किसी भी जानकारी के लिए राज्य हेल्पलाइन 104 भी (1075 के अतिरिक्त) इस्तेमाल की जाएगी.