पठानकोटः केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत(Gajendra Singh Shekhawat) ने बुधवार कहा कि रावी नदी पर बन रहे बैराज की परियोजना पूरा होने के बाद एक बूंद पानी पाकिस्तान(Pakistan) नहीं जाएगा और भारत का जो पानी है वो भारत में ही इस्तेमाल होगा. केंद्रीय मंत्री ने बुधवार को रावी दरिया पर बन रहे बैराज प्रोजेक्ट का दौरा कर वहां चल रहे परियोजना की प्रगति का जायजा लिया. Also Read - मलाला यूसुफजई ने कहा- भारत और पाकिस्तान को अच्छे दोस्त बनते देखना मेरा सपना, लोग शांति चाहते हैं

शेखावत ने कहा कि बैराज परियोजना(Barrage project) तैयार होने से पंजाब, हरियाणा और राज्यस्थान (Rajasthan) के किसानों को उनके हिस्से का पूरा पानी मिलेगा. उन्होंने रंजीत सागर डैम के अधिकारियों के साथ बैठक की और साइट का निरीक्षरण भी किया. शेखावत ने कहा, “बैराज का काम प्रगति पर है और हमें उम्मीद है कि 2022 तक इसका काम पूरा हो जाएगा.” Also Read - FATF Grey List: Imran Khan को फिर लगा झटका, FATF की 'ग्रे लिस्ट' में बना रहेगा पाकिस्तान

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उन्होंने कहा कि बैराज के निर्माण में केंद्र सरकार की तरफ से फंड की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी. शेखावत ने बताया कि बांध से बचने वाले पानी को सीमावर्ती क्षेत्रों में मुहैया करवाया जाएगा जिससे 100 से अधिक गांवों को पीने का पानी मिलेगा.

उन्होंने कहा कि परियोजना के खर्च में केंद्र सरकार 86 प्रतिशत फंड देगी. जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) को भी इसका काफी फायदा मिलेगा. उन्होंने कहा कि जम्मू और कश्मीर के हिस्से के फंड को भी केंद्र सरकार ही देगी और बैराज के खर्च का 14 प्रतिशत हिस्सा पंजाब सरकार देगी. एसवाईएल के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि यह मामला सुप्रीम कोर्ट में है और कोर्ट का जो फैसला होगा उसे सभी को मानना पड़ेगा.