नई द‍िल्‍ली: भारत सरकार ने देश में प्‍याज की बढ़ी कीमतों की बीच एक कदम उठाया है. भारत सरकार ने तत्‍काल प्रभाव से प्‍याज के बीज के निर्यात (export) पर रोक लगा दी है. बता दें भारत सरकार प्‍याज की कीमतों में कमी लाने के लिए 8000 टन इसका आयात कर रही है. इसकी पहली खेप नवंबर के पहले हफ्ते में आ जाएगी.Also Read - निर्यात 1 लाख करोड़ डॉलर तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है आईटी : पीयूष गोयल

केंद्र सरकार के प्‍याज के आयात के चलते बाजार में इसके भाव के नियंत्रण में दिखाई देने लगे हैं. अगले महीने कीमतों में प्‍याज के भाव में कुछ और नरमी की उम्मीद है. Also Read - पेंशनर्स के खाते में जमा किए जाएंगे हजारों रुपये, सरकार ने इस भत्ते को क्रेडिट करने के लिए दी मंजूरी

बता दें कि 23 अक्टूबर को केंद्र सरकार द्वारा प्याज भंडारण की सीमा तय करने के बाद कीमत में थोड़ी नरमी आई है. हालांकि देश की राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाके में प्याज का खुदरा भाव अभी भी 70 रुपए से 90 रुपए प्रति किलो तक बिक चुकी है. Also Read - Omicron Alert: देश में ओमिक्रॉन से मची खलबली, केंद्र सरकार अलर्ट, 10 राज्यों में भेजेगी केंद्रीय टीम

महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई प्याज उत्पादक जिलों में भारी वर्षा के चलते प्याज की खरीफ फसल खराब हो जाने से देश में प्याज की कीमतों में हो रही वृद्धि को देखते हुए केंद्र सरकार ने पहले 14 सितंबर को प्याज के निर्यात पर प्रतिबंध लगा दिया. उसके बाद 23 अक्टूबर को प्याज भंडारण की सीमा तय कर दी गई. इस सीमा के मुताबिक, 31 दिसंबर तक थोक विक्रेता के लिए अधिकतम 25 टन और खुदरा विक्रेता अधिकतम दो टन प्याज का स्टॉक रखने की इजाजत दी गई है.

केंद्र सरकार ने कहा कि आवश्यक वस्तु (संशोधन) अधिनियम, 2020 में यह प्रावधान है कि कुछ खास परिस्थितियों में जब कीमतें सामान्य से ज्यादा बढ़ जाएं तो सरकार स्टॉक लिमिट लगा सकती है.

केंद्र सरकार की रिपोर्ट के अनुसार, देश में प्याज की औसत खुदरा कीमतों में 21 अक्टूबर तक विविधता देखी गई है जो कि पिछले साल की तुलना में 22.12 प्रतिशत (45.33 रूपए से 55.60 रुपए प्रति किलो) और पिछले पांच सालों की तुलना में 114.16 प्रतिशत (25.87 से 55.60 रूपए प्रति किलो) रही है. इस तरह पिछले पांच साल की कीमतों से तुलना में प्याज की कीमतों में 100 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है और आवश्यक वस्तु अधिनियम के मुताबिक ये कीमतों में वृद्धि को छू गई है. इसलिए प्याज पर आज से स्टॉक लिमिट लगाई गई है.