नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसने पर्यावरण कार्यकर्ता ग्रेटा थनबर्ग और अन्य लोगों द्वारा ट्विटर पर साझा किए गए एक ‘टूलकिट’ के संबंध में अज्ञात लोगों के खिलाफ एक प्राथमिकी दर्ज की है. एक शीर्ष अधिकारी ने कहा कि आरंभिक जांच में संकेत मिला है कि इस दस्तावेज का संबंध खालिस्तान समर्थक समूह के साथ है. Also Read - 80 साल की 'दादी' को किया सम्मानित, फिर स्वाति मालीवाल ने कंगना रनौत को दी चुनौती, कहा- कुछ ऐसी हैं, जो...

क्या थनबर्ग के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है, यह पूछे जाने पर दिल्ली पुलिस के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा कि मामले में किसी को भी नामजद नहीं किया गया है. गायिका रिहाना और थनबर्ग समेत विश्व की जानी-मानी हस्तियों द्वारा प्रदर्शनकारी किसानों का समर्थन करने की पृष्ठभूमि में दिल्ली पुलिस का यह बयान आया है. Also Read - बार में छापे के बाद दिल्ली पुलिस बोली- 'ये हम हैं, ये हुक्के हैं, और अब यहां Pawri नहीं हो रही है'

किसानों के आंदोलन को अपना समर्थन देते हुए पर्यावरण कार्यकर्ता थनबर्ग ने उन लोगों के लिए एक ‘‘टूलकिट साझा किया था, जो मदद करना चाहते हैं.’’ इस दस्तावेज में किसानों के समर्थन में ट्विटर पर ट्वीट की झड़ी लगाने और भारतीय दूतावासों के बाहर प्रदर्शन करने की भी योजना तैयार की गयी थी. Also Read - किसान आंदोलन के 100 दिन पूरे, हरियाणा में किसानों ने ब्लॉक किया एक्सप्रेसवे; कृषि मंत्री बोले- सरकार कानूनों में संशोधन के लिए तैयार

विशेष पुलिस आयुक्त (अपराध) प्रवीर रंजन ने संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि दिल्ली पुलिस को एक अकाउंट के जरिए एक दस्तावेज मिला है, जो एक ‘टूलकिट’ है. इसमें देश में सामाजिक सौहार्द्र बिगाड़ने की बात कही गयी थी. आपराधिक साजिश, राजद्रोह और अन्य आरोपों पर इसके लेखक के खिलाफ एक मामला दर्ज किया गया है.

उन्होंने कहा कि शुरुआती जांच से पता चला है कि एक खालिस्तानी समर्थक संगठन ने यह ‘टूलकिट’ तैयार किया. उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर अपलोड दस्तावेज में 26 जनवरी को और उससे पहले डिजिटल जगत में कई ट्वीट करने की बात कही गयी थी.

वहीं दूसरी तरफ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने तीन कृषि कानूनों के खिलाफ किसान यूनियनों द्वारा आहूत चक्का जाम के पहले दिल्ली पुलिस आयुक्त एस एन श्रीवास्तव के साथ बृहस्पतिवार को बैठक की. सूत्रों ने इस बारे में बताया.

सूत्रों के मुताबिक समझा जाता है कि श्रीवास्तव ने शनिवार को किसान यूनियनों द्वारा आहूत चक्का जाम के मद्देनजर उठाए गए एहतियाती कदम और शहर में सुरक्षा की स्थिति से केंद्रीय गृह मंत्री को अवगत कराया. सूत्रों ने बताया कि राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजित डोभाल भी बैठक में मौजूद थे.

दिल्ली पुलिस ने हरियाणा और उत्तर प्रदेश से लगी सीमा पर सुरक्षा बढ़ा दी है. किसान केंद्र के तीन कृषि कानूनों को निरस्त किए जाने की मांग को लेकर दिल्ली की अलग-अलग सीमाओं पर नवंबर के मध्य से ही डटे हुए हैं.