नई दिल्लीः जम्मू-कश्मीर के हंदवाड़ा (Handwara Jammu-Kashmir) में रविवार (3 मई) को हुए आतंकी हमले में देश के पांच जवान शहीद हो गए, जिनमें गाजीपुर के अश्वनी कुमार भी शामिल थे. शहीद अश्वनी कुमार उत्तर प्रदेश के गाजीपुर (Ghazipur) के रहने वाले थे. Also Read - सीएम योगी के आदेश के बाद पैदल आने वाले श्रमिकों को नहीं मिली एंट्री, दिल्ली-गाजीपुर बार्डर हुआ सील, फंसे मजदूर

आतंकी हमले में शहीद अश्वनी कुमार यादव का पार्थिव शरीर उनके शहीद होने के दो दिन बाद बुधवार को करीब साढ़े 11 बजे उनके गाजीपुर स्थित पैतृक गांव चकदाउद पहुंचा, जहां उनके पार्थिव देह को देखते ही गांव वालों की आखें नम हो गईं. अश्वनी कुमार के पार्थिव देह के उनके गांव पहुंचते ही उनकी एक झलक पाने के लिए सैकड़ों की संख्या में लोगों की भीड़ इकट्ठी हो गई. Also Read - हिजबुल ने ली हंदवाड़ा आतंकी हमले की जिम्मेदारी, नायकू की मौत से कांपता दिखा पाक आतंकी सैयद सलाहुद्दीन

हेलीकॉप्टर से शहीद जवान का पार्थिव देह जम्मू-कश्मीर से दिल्ली लाया गया, जहां से मंगलवार खराब मौसम के चलते उनका शव दिल्ली से वाराणसी नहीं लाया जा सका. जिसके बाद बुधवार को अश्वनी कुमार का पार्थिव शरीर उनके घर पहुंचाया जा सका. जिसके बाद अधिकारियों ने उन्हें श्रद्धांजलि भी दी.

बता दें इससे पहले आतंकियों से एनकाउंटर में शहीद हुए कर्नल आशुतोष शर्मा का पार्थिव देह मंगलवार को पंचतत्व में विलीन किया गया. शहीद कर्नल आशुतोष शर्मा का सुबह करीब पौने 11 बजे जयपुर के अजमेर रोड स्थित पुरानी चुंगी के पास मोक्षधाम में अंतिम संस्कार किया गया. जहां उनके बड़े भाई पीयूष ने उनके पार्थिव देह को मुखाग्नि दी. इस दौरान उनकी पत्नी, मां और बेटी भी साथ ही मौजूद रहे.