नई दिल्ली: नागर विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने मंगलवार को कहा कि भारत में एयरलाइन कंपनियां अब भी दूसरे के पर कतरने वाली मूल्य नीति पर चल रही हैं. उन्होंने आगाह किया कि यह सिलसिला अगर बना रहा तो कुछ अन्य एयरलाइनें भी डूब सकती हैं.

पुरी ने यहां संवाददाता सम्मेलन में हालांकि यह भी कहा कि उनके मंत्रालय की ऐसी कोई सोच नहीं है कि विमान किरायों को विनियमित किया जाए. उन्होंने कहा कि किराए खुले बाजार की नीति के दायरे में ही रहने चाहिए. उन्होंने कहा, “हमें बाजार में संतुलन बनाने की जरूरत है.

एयरलाइन कंपनियों की खराब वित्तीय हालत के लिए केवल गलाकाट मूल्य स्पर्धा ही जिम्मेदार नहीं है. लेकिन यह कई कारणों में से एक कारण जरूर है.” पुरी ने कहा, “एयरलाइनों से बातचीत के बाद बाजार बिगाड़ने वाली मूल्य नीति में कुछ कमी आई है. हमारा सुझाव है कि किराए को व्यवहारिक रखा जाए.”