नई दिल्ली. दिल्ली उच्च न्यायालय ने डीएमआरसी कर्मियों की हड़ताल पर रोक लगा दी है. वे वेतनमान में बढ़ोतरी सहित कई मुद्दों को लेकर आज मध्य रात्रि से हड़ताल पर जाने वाले थे. न्यायमूर्ति विपिन सांघी ने त्वरित सुनवाई के बाद अंतरिम आदेश पारित करते हुए कहा कि प्रथम दृष्ट्या मेट्रो कर्मचारियों की प्रस्तावित कार्रवाई उचित या कानूनी प्रतीत नहीं होती. Also Read - Whatsapp की नई प्राइवेसी पॉलिसी को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती, दी गई यह दलील...

अदालत ने कहा कि डीएमआरसी जनसुविधा के तहत रोजाना करीब 25 लाख दिल्ली निवासियों को सेवा मुहैया कराती है. इसके लिए डीएमआरसी को पर्याप्त नोटिस नहीं दिया गया और समझौता प्रक्रिया अब भी जारी है. डीएमआरसी ने त्वरित याचिका दायर की जिसे कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश गीता मित्तल के समक्ष सुनवाई के लिए रखा गया. उन्होंने इसे सुनवाई के लिए न्यायमूर्ति सांघी के पास भेज दिया.

न्यायाधीश ने अपने पांच पन्ने के आदेश में कहा, ‘मैं आवेदन की मांग के मुताबिक अंतरिम राहत देने के लिए इच्छुक हूं. इसी मुताबिक प्रतिवादियों (कर्मचारियों) को 30 जून को या मामले में अगले आदेश तक हड़ताल पर जाने से रोका जाता है.’’