नई दिल्लीः देश में कोरोना (Coronavirus) के मामलों में वृद्धि को देखते हुए केंद्र सरकार (Central Government) लगातार इसे कंट्रोल करने की कोशिश में जुटी है और लोगों से सोशल डिस्टेंस (Social Distance) बनाए रखने की अपील कर रही है. ताकि कोरोना के मामलों में हो रही वृद्धि को रोका जा सके. ऐसे में केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय (Health & Family Welfare Ministry of India) ने ऐसे लोगों के लिए नई गाइडलाइन जारी की है, जिनमें कोरोना वायरस के लक्षण (coronavirus symptoms) हैं और वह सेल्फ आइसोलेशन में हैं. Also Read - Corona Pandemic: PM मोदी ने 4 राज्‍यों के मुख्यमंत्रियों से कोविड-19 की स्थिति पर की बात

केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की इस गाइडलाइन में बताया गया है कि अगर  किसी में इसके हल्के लक्षण हैं या फिर जिनकी हालत गंभीर नहीं है तो आइसोलेशन के दौरान किन-किन बातों ध्यान रखना चाहिए. स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार… Also Read - Haryana Lockdown Extension: हरियाणा में लॉकडाउन बढ़ाया गया, सख्‍ती जारी

अगर किसी में हल्के लक्षण हैं तो वह खुद को घर में ही आइसोलेट कर सकता है. Also Read - Lockdown Extended In Delhi: दिल्‍ली में लॉकडाउन एक हफ्ते बढ़ाया, CM केजरीवाल ने किया ऐलान

आइसोलेशन के दौरान वयक्ति की मदद के लिए एक आदमी होना जरूरी है.

मरीज के सहयाक के लिए भी एक अलग उचित स्थान होना चाहिए.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि मरीज को खुद इसकी जानकारी देनी होगी और बताना होगा कि वह घर में ठीक प्रकार से अपने आप को आइसोलेट कर सकता है.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि ऐसे व्यक्ति को स्वास्थ्य अधिकारी के पास अपनी जानकारी देते रहना होगा.

गाइडलाइन में यह भी कहा गया कि घर में खुद को आइसोलेट करने से पहले फॉर्म भरना जरूरी होगा.

अगर इस दौरान खांसी जुकाम ज्यादा हो रहा है और सांस लेने मे दिक्कत है तो तुरंत डॉक्टर्स से संपर्क करें.

बता दें देश में लॉकडाउन के बाद भी लगातार कोरोना के मामलों में वृद्धि हो रही है. देश में अभी तक कोरोना के 29 हजार से अधिक कोरोना के मामले सामने आ चुके हैं. जिसके बाद ना सिर्फ केंद्र सरकार बल्कि सभी राज्यों की सरकारें भी इसे कंट्रोल करने की कोशिश में जुटी हैं. कोरोना के चलते अभी तक 934 लोगों की मौत भी हो चुकी है. लेकिन, राहत की बात यह है कि 6,869 लोग इस महामारी को मात दे चुके हैं. बात करें कोरोना के एक्टिव केस की तो 20,835 एक्टिव केस हैं. जिनका इलाज अभी भी जारी है.