आज हम उन छात्रों के लिए कुछ टिप्स लेकर आए हैं, जो आईएएस की परीक्षा देने के इच्छुक हैं और इस परीक्षा में सफलता हासिल करना चाहते हैं। ये तो आप सभी जानते हैं कि UPSC ( संघ लोक सेवा आयोग) हर साल सिविल सेवा परीक्षा आयोजित कराता है। कहा जाता है कि ये परीक्षा देश की एक कठिन व प्रतिष्ठित परीक्षाओं में से एक है। इस परीक्षा में हर साल लाखों युवा छात्र देश के कोने-कोने से इस परीक्षा की तैयारी करते हैं और इसमें सफल होने का सपना देखते हैं। लेकिन कुछ छात्रों को ये नही अपता होता कि इस परीक्षा की तैयारी कैसे करें।

इस परीक्षा के लिए आपके पास सटीक रणनीति और व्यवस्था होनी चाहिए, जिसके साथ आप अपनी तैयारी शुरू कर सकते हैं। इस परीक्षा की सबसे पहली टिप ये है कि इसकी तैयारी विद्यार्थी को स्नातक स्तर से ही शुरू कर देनी चाहिए। आइये आपको बताते हैं इस परीक्षा की तैयारी के लिए आपको किन बातों को ख्याल रखने की ज़रूरत है। ये भी पढ़ें: मुख्य परीक्षा को लेकर संघ लोक सेवा आयोग ने लिया बड़ा फैसला

इस परीक्षा के लिए सबसे पहले परीक्षार्थी को NCERT की किताबों को पढने की सलाह दी जाती है, जिसकी मदद से विद्यार्थी इसकी भाषा के अनुसार खुद को ढाल पाएंगे और साथ ही साथ भाषा को लेकर उनका विकास हो पाएगा। इसके अलावा इन विद्यार्थियों को  सिविल सेवा परीक्षा के पाठ्यक्रम का अध्ययन करने की भी सलाह दी जाती है। पढ़ाई के अलावा विद्यार्थी को दृढ निश्चय और अनुशासन का पालन करने की ज़रूरत होती है। जैसे विद्यार्थी 12वीं कक्षा में अपना विषय चुनकर उसकी तैयारी करते हैं, उसी तरह वे इस परीक्षा में भी उन विषयों के अनुसार किताबों का चयन कर पढ़ाई कर सकते हैं।

सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के लिये सभी विद्यार्थियों को कुछ ख़ास न्यूज़ पेपर, जैसे द-हिन्दू, इंडियन एक्सप्रेस और बीबीसी, डीडी न्यूज बुलेटिन भी देखा सकते हैं। इसी तरह विद्यार्थी अपनी परिक्ष की तैयारी की शुरुआत कर सकते हैं। इसके साथ-साथ विद्यार्थियों को वर्त्तमान मुद्दों की जानकारी भी रखनी चाहिए। वहीं पुराने प्रश्नपत्रों पर भी विद्यार्थियों को नज़र बनाए रखनी चाहिए।

इसके साथ-साथ विद्यार्थियों को शुरुआत में उच्चस्तरीय किताबों के बदले सरल व बुनियादी जानकारीवाली किताबों का अध्ययन करना चाहिए। जिसमें में से मुख्या रूप से NIOS की पुस्तकें जो की आनलाईन नि:शुल्क भी उपलब्ध हैं, उनका अध्ययन किया जाना चाहिए।

इस तरह अपनी पढाई को जारी रखते हुए विद्यार्थियों को सफलता के लिए प्रयासरत होना चाहिए।