Coronavirus in India भारत में कोरोना की तीसरी के देर से आने की संभावना है जिससे देश में ज्यादा से ज्यादा लोगों को टीका लगाने का समय मिल सकता है. ये बात रविवार को COVID वर्किंग ग्रुप के अध्यक्ष डॉक्टर एनके अरोड़ा ने कही. उन्होंने कहा कि ICMR एक स्टडी लेकर आया है जिसमें कहा गया है कि कोरोना की तीसरी लहर के देर से आने की संभावना है. उन्होंने कहा, “हमारे पास देश में हर किसी का टीकाकरण करने के लिए 6-8 महीने का टाइम है. आने वाले दिनों में, हमारा लक्ष्य हर दिन 1 करोड़ खुराक देने का है.”Also Read - उद्धव ठाकरे के इस्तीफे से देवेंद्र के मुख्यमंत्री बनने का रास्ता साफ, पार्टी नेताओं के साथ लड्डू खाते आए नजर

रविवार सुबह सात बजे तक जारी टीकाकरण संबंधी आंकड़ों के अनुसार, भारत में एक दिन में 64.25 लाख कोविड-19 रोधी टीके लगने से अब तक देशव्यापी अभियान के तहत कुल 32.17 करोड़ खुराक दी जा चुकी है. इसके अलावा 17,45,809 और नमूनों की जांच की गई. इसके साथ ही देश में अब तक 40,18,11,892 नमूनों की जांच हो चुकी है. Also Read - भाजपा नेता पर पत्नी से मारपीट करने और दहेज में कार मांगने का आरोप, केस दर्ज हुआ तो बोले- सब झूठ है

बता दें कि भारत में अभी दो ही कोरोना वैक्सीन दी जा रही हैं. भारत में ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका की कोविशील्ड और भारत बायोटेक द्वारा तौयार की गई कोवैक्सीन दी जा रही है. इसके अलावा रूस की वैक्सीन स्पुतनिक को भी शुरू किया गया है. हालांकि कुछ और वैक्सीन का भी ट्रायल जारी है. इसके अलावा बच्चों को भी टीका लगाने की तैयारी हो रही है. Also Read - फ्लोर टेस्ट से पहले ही महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद से उद्धव ठाकरे का इस्तीफा, विधान परिषद का पद भी छोड़ा

COVID वर्किंग ग्रुप के अध्यक्ष डॉक्टर एनके अरोड़ा ने बताया कि जायडस कैडिला वैक्सीन (Zydus Cadila vaccine) का ट्रायल लगभग पूरा हो चुका है. उन्होंने कहा, “जुलाई के अंत तक या अगस्त में, हम 12-18 आयु वर्ग के बच्चों को यह टीका देना शुरू कर सकते हैं.”