नई दिल्ली: मार्केट एक्सपर्ट और फैक्टर एलएलसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पीटर ब्रांट का कहना है कि रुपया डॉलर के मुकाबले 80 रुपए तक जा सकता है. गुरुवार को रुपया और कमजोर होकर 70.22 हो गया. उनका कहना है कि इस समय रुपए की जो कीमत है वह बहुत ही रोचक है और इसकी निगरानी की जरूरत है. रुपए का हालत बहुत टाइट है. अगले 4 से 6 महीने में यह 80 के स्तर को छू सकता है. वहीं आर्थिक मामलों के सचिव सुभाष चंद्र गर्ग ने अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये के अब तक के न्यूनतम स्तर पर पहुंचने के लिए ‘बाहरी कारणों’ को जिम्मेदार ठहराया है. उन्होंने कहा कि जबतक अन्य मुद्राओं के अनुरूप घरेलू रुपये में गिरावट होती है, इसमें चिंता की कोई बात नहीं है. उन्होंने कहा कि यहां तक रुपया 80 रुपये प्रति डालर तक चला जाता है और अगर दूसरी मुद्राओं में भी गिरावट इसी स्तर पर रहती है तो भी कोई गंभीर चीज नहीं है.Also Read - Karwa Chauth 2021: पत्नी को गिफ्ट करें ये शानदार स्मार्टफोन, बजट रेंज में मिलेंगे कई दमदार फीचर्स

गर्ग ने कहा कि रुपये में गिरावट का कारण बाहरी कारक हैं…इस समय इसको लेकर चिंता की कोई वजह नहीं है. उन्होंने कहा कि आगे चलकर यह कारक कमजोर पड़ सकते हैं. उन्होंने कहा कि अगर रुपया 80 रुपये प्रति डॉलर तक चला जाता है और अगर दूसरी मुद्राओं में भी गिरावट इसी स्तर पर रहती है तो चिंता का कोई कारण नहीं होगा. Also Read - खराब फॉर्म से जूझ रहे डेविड वार्नर को मिला शेन वार्न का समर्थन; कहा- विश्व कप मैच में जरूर खिलाया जाय

हालांकि, इसके बाद गर्ग ने ट्वीट करके स्पष्ट किया, ‘रुपये में हाल में आई गिरावट के बारे में मेरे हवाले से एक वक्तव्य शरारतपूर्ण तरीके से जारी किया गया. मैं रिपोर्टर के इस काल्पनिक वक्तव्य से सहमत नहीं हूं कि डॉलर के मुकाबले रुपया 80 तक गिर सकता है. मैंने रुपये में आई गिरावट की वजह केवल बाहरी कारकों को बताया और कहा है कि हमें इसमें स्थिरता आने तक प्रतीक्षा करनी चाहिए. Also Read - Amazon Great Indian Sale 2021: Boat Bassheads 100 पर भारी छूट, आज ही खरीदें | वीडियो देखें

गर्ग ने कहा कि भारतीय रुपया अभी भी कुछ अन्य मुद्राओं की तुलना में बेहतर स्थिति में है. उन्होंने यह भी कहा कि रिजर्व बैंक के पास पर्याप्त विदेशी मुद्रा भंडार है, लेकिन उसका मुद्रा बाजार में हस्तक्षेप कारगर नहीं होगा क्योंकि रुपये में गिरावट का कारण वैश्विक हैं. तीन अगस्त को समाप्त सप्ताह में केंद्रीय बैंक के पास 402.70 अरब डॉलर का मुद्रा भंडार था. यह पिछले सप्ताह से 1.49 अरब डालर कम है. भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के चेयरमैन रजनीश कुमार ने कहा कि डॉलर की तुलना में सभी मुद्राएं कमजोर हुई हैं लेकिन अन्य मुद्राओं की तुलना में रुपये में उतनी गिरावट नहीं आयी है.