नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने (Narendra Modi) उत्तराखंड के लिए ‘नमामि गंगे मिशन’ (Namami Gange Mission) के तहत 6 परियोजनाओं का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन किया. उन्होंने कहा कि गंगा की स्वच्छता के अभियान को अब एक नए स्तर पर ले जाया जा रहा है. उत्तराखंड के लिए ‘नमामि गंगे मिशन’ के तहत 6 परियोजनाओं का उद्घाटन करते हुए उन्होंने कहा, “आज पैसे को पानी की तरह नहीं बहाया जाता है, बल्कि उस पर खर्च होता है.”Also Read - Pariksha Pe Charcha 2022: परीक्षा पे चर्चा के लिये आवेदन की आज आखिरी तारीख, ऐसे भरें फॉर्म

मोदी ने जिन छह परियोजनाओं का वर्चुअली उद्घाटन किया, उनमें 68 एमएलडी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी), हरिद्वार के जगजीतपुर में मौजूदा 27 एमएलडी एसटीपी का अपग्रेडेशन और हरिद्वार के सराय में 18 एमएलडी एसटीपी का निर्माण शामिल है. इसके साथ ही ऋषिकेश में लक्कड़घाट पर 26 एमएलडी एसटीपी का उद्घाटन किया गया. बता दें कि इन एसटीपी का उद्घाटन नदी को साफ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा. Also Read - UP Assembly Polls 2022: भाजपा ने जारी की स्टार प्रचारकों की लिस्ट, पीएम मोदी और अमित शाह सहित 30 नाम शामिल | देखिए

प्रधानमंत्री ने चोरपानी में 5 एमएलडी एसटीपी और 2 एसटीपी की क्षमता के साथ 1 एमएलडी और 0.01 एमएलडी वाले एसटीपी का भी बद्रीनाथ में उद्घाटन किया. इस मौके पर जल जीवन मिशन के ‘लोगो’ का भी मोदी ने अनावरण किया. उन्होंने संस्कृति और जैव विविधता का प्रदर्शन करने के लिए गंगा पर समर्पित पहले संग्रहालय का उद्घाटन किया. Also Read - जानिए क्या है Teleprompter और कैसे करता है काम? जिसे लेकर राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कसा तंज

राफेल सौदे को लेकर विपक्ष की ‘समस्याओं’ को याद करते हुए मोदी ने कहा, “चार साल पहले इसी समय के आसपास देश के बहादुरों ने सर्जिकल स्ट्राइक कर आतंकी ठिकानों को नष्ट कर दिया था. लेकिन ये लोग सर्जिकल स्ट्राइक का सबूत मांग रहे थे. सर्जिकल स्ट्राइक का विरोध करके उन्होंने देश के सामने अपना इरादा साफ कर दिया है.” उद्घाटित की गई परियोजनाओं को लेकर मोदी ने कहा, “पानी जैसा महत्वपूर्ण विषय कई मंत्रालयों और विभागों में बंटा था और उनके बीच ना कोई समन्वय था और न ही काम करने के लिए कोई स्पष्ट दिशानिर्देश.”

पीएम मोदी ने कहा कि गंगा की स्वच्छता के अभियान को अब एक नए स्तर पर ले जाया जा रहा है. सरकार ने उत्तराखंड के सभी लोगों को जैविक खेती से जोड़ने की योजना बनाई है. चंद्रश्वर नगर में बने 7.5 एमएलडी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट को लेकर उन्होंने कहा, “देश का पहला चार मंजिला सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट आज से शुरू हो गया है. हरिद्वार में भी 20 से ज्यादा ऐसे नाले बंद कर दिए गए हैं.”