भोपाल: आयकर विभाग की टीमों ने रविवार तड़के मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के ओएसडी (विशेष कार्याधिकारी) प्रवीण कक्कड़ तथा अन्य लोगों के भोपाल और इंदौर स्थित निजी आवास और अन्य ठिकानों पर छापे मारे हैं. छापों में बड़ी मात्रा में नकदी मिलने की बात सामने आ रही है. अब तक कार्यवाही जारी है. वहीं, छापेमारी के लिए मध्य प्रदेश के सीएम कमलनाथ के ओएसडी प्रवीण कक्कर से जुड़े अश्विन शर्मा के घर पहुंची आयकर विभाग की टीम को भोपाल पुलिस ने रोक दिया. आयकर टीम के साथ मौजूद सीआरपीएफ की टीम और भोपाल पुलिस आमने-सामने आ गई.

सीआरपीएफ और भोपाल पुलिस के अधिकारी एक दूसरे से भिड़ गए. आयकर टीम को अंदर नहीं घुसने दिया गया. इसे लेकर धक्का मुक्की हुई. सीआरपीएफ के अधिकारी प्रवीण कुमार ने इसे लेकर कहा कि मध्य प्रदेश पुलिस उन्हें अपना काम नहीं करने दे रही है. पुलिस ने हमें गालियां दीं. हम सिर्फ अपने सीनियर अधिकारियों के आदेश का पालन कर रहे हैं. अपनी ड्यूटी कर रहे हैं. वहीं, मध्य प्रदेश पुलिस के अधिकारी भूपेंद्र सिंह ने कहा कि हम रेड में हस्तक्षेप नहीं कर रहे हैं. जहां छापमारी की कोशिश की जा रही थी, वहां परिवार रहता है. घर के लोग पुलिस की मदद चाहते थे. इसलिए हम यहां पहुंचे.

बता दें कि दिल्ली से आए आयकर विभाग के दलों ने रविवार तड़के भोपाल व इंदौर में एक साथ छापेमारी शुरू की थी. आयकर के दलों ने भोपाल के प्लेटिनम प्लाजा इमारत की छठी मंजिल (जो कक्कड़ का निजी कार्यालय है) और नादिर कॉलोनी स्थित आवास पर छापा मारा. इसके अलावा इंदौर के योजना 74 के आवास, विजयनगर स्थित कार्यालय, डीसीएम हाईट्स के कार्यालय सहित अन्य स्थानों पर छापे मारे गए. कक्कड़ राज्य पुलिस सेवा के पूर्व अधिकारी हैं. कक्कड़ को राष्ट्रपति पुरस्कार भी मिल चुका है. वह पूर्व केंद्रीय मंत्री कांतिलाल भूरिया के भी ओएसडी रहे हैं. सरकारी नौकरी छोड़ चुके कक्कड़ वर्तमान में मुख्यमंत्री के ओएसडी हैं.

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इसके अलावा आयकर के दलों ने भोपाल के प्लेटिनम प्लाजा में ही चौथी मंजिल पर एक गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) संचालक अश्विनी शर्मा के यहां भी छापा मारा. इस इमारत के नीचे कई महंगी गाड़ियां मिली हैं, जो शर्मा की बताई जा रही है. सूत्रों का कहना है कि आयकर विभाग के कर्मचारी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवानों के साथ कक्कड़ सहित अन्य लोगों के ठिकानों पर पहुंचे. आयकर विभाग के दलों ने विभिन्न ट्रैवल्स कंपनियों से पर्यटक के तौर पर वाहन किराए पर लिए थे. रविवार तड़के इंदौर में योजना 74 के कक्कड़ के आवास पर आयकर का दल पहुंचा तो पूरा परिवार डर गया. बाद में जब आयकर विभाग के कर्मचारियों के बारे में पता चला तो सभी शांत पड़ गए. सूत्रों ने बताया कि, आयकर दलों को बड़ी मात्रा में नगदी मिलने के साथ ही ऐसे दस्तावेज भी हाथ लगे हैं, जो लेन-देन की कहानी कह रहे हैं.