कोलकाता: लोगों के घरों तक भोजन पहुंचाने वाली ऐप आधारित कंपनी जोमैटो के कुछ कर्मचारियों ने गलवान घाटी में चीनी सैनिकों के साथ हिंसक झड़प में 20 भारतीय सैनिकों के शहीद होने पर, चीन के खिलाफ विरोध प्रदर्शित करते हुए शनिवार को कोलकाता में कंपनी की टी-शर्ट फाड़ी और जलाई. प्रदर्शनकारियों ने चीनी कंपनियां यहां से मुनाफा कमा रही हैं और हमारे सैनिकों पर हमले कर रही हैं. वे हमारी भूमि हथियाना चाहती हैं. ऐसा नहीं होने दे सकते. Also Read - Zomato और Safal के बीच डील से आपको होगा फायदा, फल और सब्जियों की होगी होम डिलीवरी

बेहाला में प्रदर्शन के दौरान उसमें शामिल कुछ लोगों ने दावा किया कि उन्होंने जोमैटो की नौकरी छोड़ दी है, क्योंकि इसमें चीन का निवेश है. साथ ही, उन्होंने लोगों से जोमैटो के जरिये भोजन का ऑर्डर नहीं करने का अनुरोध किया. Also Read - डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी- अमेरिका में हिंसक प्रदर्शन रोकने के लिए सेना की कर सकते हैं तैनाती

बता दें चीन की कंपनी अलीबाबा से जुडे एंट फाइनेंशियल ने 2018 में जोमैटो में 21 करोड़ डॉलर का निवेश कर उसकी 14.7 प्रतिशत साझेदारी (शेयर) खरीद ली थी. जोमैटो ने हाल ही में एंट फाइनेंशियल से 15 करोड़ डॉलर की राशि फिर से जुटायी है. Also Read - केजरीवाल सरकार के खिलाफ BJP का धरना, दिल्ली सरकार से मांगा विज्ञापनों पर खर्च का हिसाब

प्रदर्शन में शामिल एक व्यक्ति ने कहा, ”चीनी कंपनियां यहां से मुनाफा कमा रही हैं और हमारे सैनिकों पर हमले कर रही हैं. वे हमारी भूमि हथियाना चाहती हैं. ऐसा नहीं होने दे सकते.”

बता दें कि मई में जोमैटो ने अपने 13 प्रतिशत कर्मचारियों, 520 लोगों को कोविड-19 महामारी का हवाला देकर नौकरी से निकाल दिया था. जोमैटो से इस संबंध में तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली है. और ना ही इस बारे में कोई जानकारी मिली है कि प्रदर्शन करने वाले लोग कहीं नौकरी से निकाले गए कर्मचारी तो नहीं हैं.