नई दिल्ली: भारत सरकार ने सोमवार को कराची आतंकी हमले की निंदा की और पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी की साजिश की कहानी को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने इसके पीछे भारत का हाथ बताया था. कराची स्थित पाकिस्तान स्टॉक एक्सचेंज (पीएसएक्स) की इमारत पर सोमवार सुबह हुए एक आतंकी हमले में चार आतंकी और चार पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मी मारे गए. यद्यपि हमले की जिम्मेदारी अफगानिस्तान स्थित एक आतंकी संगठन, बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने ली है, लेकिन विदेश मंत्री कुरैशी ने कहा कि इसमें भारत का हाथ है.Also Read - BSF के बेड़े में शामिल हुए 3 नए फ्लोटिंग बार्डर आउट-पोस्ट स्वदेशी जहाजों का बेड़ा, देखें फोटो

उन्होंने दोहराया कि वजीरिस्तान में एक हमले के बाद उन्होंने दावा किया था कि भारत की खुफिया ने पाकिस्तान में अपने स्लीपर सेल को सक्रिय कर दिए हैं. कुरैशी ने दावा किया, “आज के हमले की परिस्थितियों का परीक्षण किया जाए तो सुई उसी स्लीपर सेल की ओर जाती है.” Also Read - PHOTOS: पाकिस्तान की लड़की, जो भारतीय क्रिकेटर से प्रेरित होकर बनी तेज गेंदबाज

कुरैशी की बेतुकी टिप्पणी को खारिज करते हुए विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने नई दिल्ली में कहा, “विदेश मंत्री कुरैशी की शायद अपनी इच्छा बाहर आई है, जैसा कि उनकी अपनी सरकार का भी रुख है, जिसमें उनके प्रधानमंत्री द्वारा वैश्विक आतंकवादी को शहीद कहना भी शामिल है.” प्रधानमंत्री इमरान खान ने हाल ही में पाकिस्तानी संसद में बोलते हुए वश्विक आतंकी ओसामा बिन लादेन को शहीद कह दिया था. हालांकि उनके विशेष सहायक (राष्ट्रीय सुरक्षा) मोईन यूसुफ ने सोमवार को श्रंखलाबद्ध ट्वीट में कराची आतंकी हमले के लिए भारत को जिम्मेदर ठहराया. Also Read - Pakistan: बलूचिस्तान में सेना की जांच चौकी पर आतंकी हमला, 10 सैनिकों की मौत