नई दिल्ली। भारत ने चेनाब नदी पर बन रहे दो हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट का निरीक्षण करने के लिए पाकिस्तान एक्सपर्ट की टीम को इजाजत दे दी है. ये टीम अगले महीने के अंत तक प्रोजेक्ट का दौरा करेगी. हालांकि भारत ने पाकिस्तान के ऐतराज के बावजूद इन दोनों प्रोजेक्ट को जारी रखने का संकेत दिया है. एक सीनियर पाकिस्तानी अधिकारी ने ये जानकारी दी है.

सिंधु जल समझौता पर भारत-पाकिस्तान की बैठक

सिंधु जल समझौता पर भारत और पाकिस्तान के बीच दो दिन की बैठक हुई थी. इमरान खान के पीएम बनने के बाद ये भारत-पाक अधिकारियों के बीच ये पहली आधिकारिक बैठक रही. पाकिस्तानी अधिकारियों के मुताबिक, भारत ने चेनाब नदी पर बन रहे 1000 मेगावाट वाली पकल डैम और 48 मेगावाट वाले कलनी हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट पर काम रोकने से इनकार कर दिया. अधिकारी ने बताया कि भारत ने दोनों डैम पर काम जारी रखने का संकेत दिया.

भारत-पाकिस्तान के बीच हुए सिंधु जल समझौते से जुड़ी कुछ अहम बातें

खास बात ये रही कि लाहौर में हुई इस बैठक में भारत इस बात पर जरूर सहमत हो गया कि पाकिस्तान की एक्सपर्ट टीम दोनों डैम का दौरा कर सकती है. पाकिस्तान के जल संसाधन सचिव शामैल अहमद ख्वाजा ने डॉन अखबार को बताया कि पाकिस्तानी अधिकारियों की एक टीम अगले महीने के अंत तक दोनों डैम का दौरा करेगी.

पाक अधिकारियों की टीम करेगी डैम का दौरा 

उन्होंने कहा, इस दौरे के दौरान हमारी एक्सपर्ट टीम सिंधु जल समझौते के अनुसार साइट का बारीकी से निरीक्षण करेगी और अपनी शिकायत दर्ज कराएगी. इससे पहले, भारत-पाक प्रतिनिधमंडल ने इन प्रोजेक्ट पर अपनी अपनी बात दृढ़ता से रखी थी. भारतीय जल आयोग के कमिश्नर पीके सक्सेना ने पाकिस्तान के मुद्दों का बारीकी से अध्ययन किया. इस दौरान उन्होंने भारत का भी पक्ष रखा.

बता दें कि पाकिस्तान पकल डैम की ऊंचाई को लेकर विरोध जताता रहा है. उसकी मांग है कि इसे 5 मीटर घटाया जाए. इसे समुद्र तल से 40 मीटर ऊंचाई पर रखा जाए. इसके साथ ही कलनई प्रोजेक्ट के डिजायन को लेकर भी उसने विरोध जताया है.