नई दिल्लीः चीन की वुहान लैब से दुनिया में फैला कोरना वायरय इस समय सभी देशों में जमकर तांडव मचा रहा है. दुनिया के ताकत से ताकतवर देश इसका तोड़ नहीं तलाश पा रहे हैं. विश्व के सामने पैदा हुए इस अकल्पनीय संकट के लिए दुनिया के ज्यादातर देश चीन को दोषी मानते हैं. कनाडा, अमेरिका, आस्ट्रेलिया सहित कई देशों ने तो सीधे तौर पर चीन को ही इसका जिम्मेदार ठहराया है. सभी देशों ने चीन पर इस बीमारी को छुपाने का आरोप भी लगाया है. माना जा रहा है कि विश्व के ज्यादातर देशों में हालात नार्मल होने के बाद चीन के प्रति दूसरे देशों का एक नया रुख होगा. Also Read - 'कोरोना वायरस को जैविक हथियार बनाकर युद्ध लड़ना चाहता था चीन, 2015 में किया था टेस्ट'

केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने रविवार को कहा कि भारत को कोरोना वायरस महामारी के बीच चीन के लिए विश्व की ‘‘घृणा’’ को बड़े पैमाने पर विदेशी निवेश आकर्षित करके अपने लिए आर्थिक अवसर के रूप में देखना चाहिए. Also Read - कोरोना वायरस से संक्रमित सपा सांसद आजम खान की तबियत बिगड़ी, बेटे सहित लखनऊ के अस्पताल में भेजा गया

गडकरी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये प्रवासी भारतीय छात्रों से रूबरू होते हुए कहा, ‘‘सारी दुनिया में अब, उनमें चीन के लिए घृणा है. क्या हमारे लिए इसे भारत के लिए एक अवसर में बदलना संभव है.’’ Also Read - Diet for Covid Positive : कोरोना पॉजिटिव पाए जाने पर क्या खाएं मरीज? स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने शेयर की पूरी लिस्ट; यहां देखें

चीन से बाहर जाने वाले व्यवसायों के लिए जापान द्वारा आर्थिक पैकेज घोषण का जिक्र करते हुए गडकरी ने कहा, ‘‘मेरा मानना है कि हमें इस पर सोचना चाहिए और हम इस पर ध्यान केंद्रित करेंगे. हम उन्हें और हर उस चीज को मंजूरी देंगे और विदेशी निवेश आकर्षित करेंगे.’’

जब उनसे पूछा गया कि यदि यह पाये जाने पर कि चीन ने कोरोना वायरस से जुड़ी सूचना को जानबूझकर छिपाया है तो क्या भारत कोई कार्रवाई करेगा, उन्होंने कहा कि यह एक संवेदनशील विषय है जो विदेश मंत्रालय और प्रधानमंत्री से जुड़ा है और इसलिए इस पर उनका प्रतिक्रिया देना उचित नहीं होगा.