नई दिल्ली: रेलवे ने सोमवार को कहा कि उसने परियोजनाओं की निगरानी और राहत व बचाव कार्यो की गतिविधियों के लिए ड्रोन कैमरों को तैनात करने का निर्णय लिया है. भारतीय रेलवे ने एक बयान में कहा, “भारतीय रेलवे ने अपनी विभिन्न रेलवे गतिविधियों विशेषकर पटरियों की निगरानी व मरम्मत और रेलवे ढांचे पर नजर बनाए रखने के लिए ड्रोन कैमरों (यूएवी/नेत्र)को तैनात करने का निर्णय लिया है.” Also Read - Bihar Special Train List/ Indian Railway: बिहार के लिए आज से शुरू होंगी 20 से ज्यादा नई स्पेशल ट्रेन, जानें आने-जानें की टाइमिंग

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बयान में कहा गया है, “ऐसे कैमरों को जुटाने के लिए क्षेत्रीय रेलवे को निर्देश दे दिए गए हैं. यह कदम ट्रेन के संचालन में सुरक्षा और दक्षता बढ़ाने के लिए प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल करने के रेलवे की इच्छा के अनुरूप है.” Also Read - Indian Railway/IRCTC: रेलवे जल्द करने जा रहा ये बड़ा बदलाव! यात्रियों से लिया जाएगा 'यूजर चार्ज', इतना बढ़ जाएगा किराया

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परियोजनाओं की निगरानी व पटरियों की मरम्मत के अलावा ड्रोन कैमरों को राहत और बचाव अभियानों की निगरानी करने और निरीक्षण कार्यो पर नजर रखने के लिए भी तैनात किया जाएगा.

बयान में कहा गया, “इन कैमरों का प्रयोग नॉन इंटरलॉकिंग कार्यो के मूल्यांकन की तैयारियों, मेलों के दौरान भीड़ के प्रबंधन, स्टेशनों के हवाई सर्वेक्षण और किसी गड़बड़ी को तुरंत चिन्हित करने में किया जाएगा.”

रेलवे के मुताबिक, यह ड्रोन रेलवे के ढांचे, सुरक्षा और पटरियों की मरम्मत से जुड़ी किसी भी सूचना को रियल टाइम यानी वास्तविक समय में प्राप्त करने में महत्वपूर्ण साबित होंगे. रेलवे ने कहा कि भारत में सबसे पहले ड्रोन की तैनाती करने वाला पश्चिम मध्य रेलवे है.