नई दिल्ली: किसी बड़े आईलैंड जैसे समंदर पर तैरते भारत के पहले वर्ल्ड क्लास क्रूजशिप “कर्निका” की भारत में शुरूआत हो गई है. जलेश का अंतराष्ट्रीय स्तर की कर्निका क्रूजशिप चौदह मंजिली शानदार क्रूज है. करीब दो हजार सात सौ पैसेंजर क्षमता वाली कर्निका क्रूज की लंबाई दो सौ पचास मीटर है. समंदर पर तैरता हुआ ये क्रुज किसी 7 स्टार होटल से भी ज्यादा शानदार है. सफर करने वाले लोग इसे दुनिया का आठवां अजूबा बता रहे हैं. गोवा के क्रूज टर्मिनल पर लगे जैलेश क्रुज की भव्यता को देखकर अलग सा ही अनुभव होता है. और उसकी पहली यात्रा भी पूरी हो गई है. एक दिन पहले मुंबई से चलकर पूरी रात यात्रा पूरीकर ये क्रूज सुबह गोवा पहुंचा. जैसे ही ये यहां पहुंचा भारत ने टूरिज्म की नई उंचाई छू ली. क्रूज यात्रा का अनुभव ऐसा था कि सैलानियों की ख़ुशी का ठिकाना नहीं था. क्रूज में यात्रा करने वाले सैलानियों ने क्रूज की जमकर सराहना की. इन सभी लोगो का कहना है कि क्रूज में मेहमान-नवाजी शानदार है.

क्रूज पर मनाया जन्मदिन
क्रूज पर बर्थडे मनाकर लौटी अक्षता माली का कहना है कि बर्थडे मनाने के लिए क्रूज पर आए थे, जो काफी अच्छा रहा. ये मुझे जीवन भर याद रहेगा. एक और यात्री दीपक का कहना है कि काफी शानदार क्रूज है. यात्री क्रूज पर होने वाले म्यूजिक प्रोग्राम की प्रशंसा कर रहे हैं. हिमांशू पटेल का कहना है कि देश के पहले प्रीमियम क्रूज का मैं साक्षी रहा. काफी अच्छा एक्सपीरियंस रहा. मैं लोगों को कहूंगा कि वो आएं और देखें कि प्रीमियम क्रूज कैसा होता और उसकी यात्रा कैसी होती है.

किसी स्वर्ग से कम नहीं, ये हैं सुविधाएं
पर्पल और पिंकिश रंग का बेहद खास आकर्षक कर्निका क्रूज अरब महासागर में तैरता हुआ किसी स्वर्ग से कम नहीं है. लगभग 2700 यात्रियों की क्षमता वाली अंतराष्ट्रीय कर्निका क्रूज की लंबाई 250 मीटर है. इस चौदह मंजिली शानदार क्रूज को देखते ही मन मंत्रमुग्ध हो जाता है. इस बेहद खास क्रूज को देखकर अचरज से आंखें खुली की खुली रह जाती हैं. समंदर पर तैरता हुआ ये सात सितारा होटल से भी कहीं ज्यादा शानदार है. क्रूज शिप में शापिंग की सुविधा के लिये शानदार शापिंग सेंटर मौजूद है. बेहद आकर्षक रेस्टारेंट में देशी– विदेश डिशें सैलानियों के सफर में चार-चांद लगाती हैं. मनोरंजन के लिये क्रूज पर कैसिनों का खास इंतजाम है. समंदर में तैरते क्रूज के अंदर बड़े बेहद बड़े और आकर्षक दो स्वीमिंग पूल हैं, जिसमें स्विमिंग करने का अपना ही मजा है. क्रूज नई उम्र और बच्चों के मनोरंजन का भी खास ध्यान रखा गया है. बच्चों के लिए खास वाटर पार्क है. क्रूज पर मुसाफिरों के लिए कमरों हास्पिटलिटी का बेहद ख़ास रखा गया है. सजे–धजे कमरों में लगीं खास खिड़कियां समंदर के आकर्षक नजारे कराती हैं. और कमरों के बाहर खास बनीं बालकनी अलग रोमांच का अहसास कराती है. क्रूजशिप के डेक पर चौबीस घंटे खुली रहने वाली कॉफी शॉप से लेकर मेहमानों की मनपसंद देशी-विदेशी डिशें क्रूजशिप पर मुहैया कराई गई है.

इन रूटों पर चलेगा क्रूज
क्रूज के सीईओ जर्जेन बेलम का कहना है कि ये भारत का ऐसा पहला क्रूजशिप है. इसमें सफर बेहद शानदार है. इसमें हर सुख-सुविधा का खयाल रखा गया है. शापिंग से लेकर मनोरंजन के सभी इंतेजाम किए गए हैं. इंडिया में क्रूजशिप में सवार हुए मुसाफिर को इंडियन डोसा और दूसरी सभी डिशें मुहैया हैं. इस शानदार क्रूजशिप सैर करने वाले रात किसी शहर में तो दिन की सुबह किसी दूसरे शहर और देश- विदेशों में सैर कर सकेंगें. इस क्रुज के शुरू होने के बाद ट्रेवल एंड टूर इंडस्ट्री के लोगों का कहना है कि इससे देश में आने वाले समय में पर्यटन क्षेत्र में नई उंचाईयां को छुएगा. टूर आपरेटर दिग्विजय त्रिपाठी का कहना है कि जो लोग विदेशों में जाकर क्रूज का आनंद उठाया करते थे, अब देश में ही मिलेगा तो ज्य़ादा से ज्य़ादा लोग इसमें सफर करना चाहेंगे. कर्निका क्रूजशिप अपने अलग-अलग रूट्स और प्रोग्राम के डिटेल्स देगी. मुंबई–गोवा–मुंबई रूट पर शुरू हो गई है. इस आकर्षक बेहद शानदार क्रूजशिप की सेवायें मुंबई–चेन्नई, विशाखापटनम रूटों पर भी होंगी. कर्निक क्रूजशिप की देशी-विदेशी पर्टयकों के लिए सिंगापुर, दुबई और खाड़ी देशों के बेहद आकर्षक शहरों की सेवायें मौजूद होगी.

अब भारतीयों को विदेश जाने की ज़रूरत नहीं
भारत में क्रूज इंडस्ट्री बेहद तेजी से बढ़ रही है. एक आकलन के मुताबिक पिछले दो सालों में 200 से ज्यादा इंटरनेशनल क्रूज के जरिए सवा दो लाख से ज्यादा टूरिस्ट इंडिया आए. और भारत के पोर्ट इसके लिए तेजी से डेवलप हुए हैं उसमें मुंबई पोर्ट, मोरमुगाओ पोर्ट, न्यू मैंगलोर पोर्ट, कोच्चि पोर्ट, चेन्नई पोर्ट और कोलकाता पोर्ट सहित कुल 6 पोर्ट हैं. अब एक भारतीय कंपनी के इसमें जोरदार तरीके से उतरने से न सिर्फ घरेलू टूरिज़्म डेवलप होगा, बल्कि साथ ही भारतीय यात्रियों को इंटरनेशनल क्रूज के लिए भारतीयों को विदेशो में जाने की ज़रूरत नहीं है.