नई दिल्लीः नागरिकता कानून को लेकर विरोध की आग उत्तर प्रदेश में बुझने का नाम नहीं ले रही है. राजधानी लखनऊ में शुक्रवार को जुमे की नमाज को देखते हुए प्रशासन में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम किए हैं. पिछले शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद कई जगहों पर हिंसा भड़की थी. खूफिया रिपोर्ट की मानें तो इस बार भी नमाज के बाद हिंसा हो सकती है. ऐहतियात के तौर पर शहर में सुरक्षा बलों की संख्या बढ़ा दी गई है.

राज्यभर में कई शहरों में इंटरनेट बंद कर दिया गया है. लखनऊ में इंटरनेट और एसएमएस सर्विस पूरी तरह से रोक दी गई है. हिंसा करने वालों के खिलाफ सरकार अब कार्रवाई कर रही है. उपद्रवियों की पहचान करने के लिए राजधानी के चौक, ठाकुरगंज और हजरतगंज सहित कई इलाकों में उपद्रवियों के पोस्टर लगाए गए हैं और पुलिस ने आम जनता से पुलिस का सहयोग देने की अपील की है. इन फोटों को सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पहचान कर निकाला गया है.

उत्तर प्रदेश में अब तक 498 लोगों की पहचान की गई है जिन पर सार्वजनिक संपित्त को नुकसान पहुंचाने का आरोप है. इन सभी लोगों को प्रशासन की तरफ से नोटिस भेजा जा चुका है.

अब यूपी पुलिस (Uttar Pradesh Police) उपद्रवियों के खिलाफ कार्रवाई में जुटी हुई है. पुलिस ने हिंसा के दौरान 647 खोखे, 69 जिंदा कारतूस और 35 देसी तमंचे भी बरामद किए हैं. उधर, सोशल मीडिया पर सीएए के विरोध में भड़काऊ कंटेंट पोस्ट करने वालों पर भी कार्रवाई जारी है.