नई दिल्ली: दिल्ली व यूपी की 16 जगहों पर छापेमारी के बाद पकड़े गए 10 संदिग्धों के मामले में कई बड़े खुलासे हुए हैं. एनआईए के अनुसार, ये संदिग्ध आतंकी देश के बड़े नेताओं पर हमले के फिराक में थे. साथ ही देश में जल्द ही कोई बड़ा हमला करने वाले थे. संदिग्धों के पास विस्फोटक सामग्री बरामद होने के बाद साथ ही सात लाख से अधिक रुपए बरामद किए हैं. साथ ही 100 मोबाइल फोन, 135 सिम कार्ड्स, लैपटॉप भी बरामद किया गया है. ये एक-दूसरे से व्हाट्स एप व टेलीग्राम के जरिये आपस में संपर्क में रहते थे. एनआईए के आईजी के अनुसार मुख्य आरोपी अमरोहा की एक मस्जिद में मौलवी था.

ISIS के नए मॉड्यूल का हुआ खुलासा, निशाने पर था RSS कार्यालय और दिल्ली पुलिस हेडक्वार्टर

एनआईए आईजी आलोक मित्तल ने एक पत्रकार वार्ता में बताया कि छापेमारी के दौरान संदिग्धों के ठिकानों पर बड़ी मात्रा में हथियार बरामद हुए हैं. विस्फोटक सामग्री के साथ ही गोला बारूद से बना एक देसी रॉकेट लॉन्चर भी बरामद किया गया है. उन्होंने बताया कि यह आतंकी संगठन आईएसआईएस से प्रेरित नया मॉड्यूल है. पकड़े गए संदिग्ध आतंकी विदेश में एजेंट्स से संपर्क में थे. उन्होंने बताया कि ये संदिग्ध आतंकी जल्द ही रिमोट कण्ट्रोल के जरिए ब्लास्ट और फिदायीन हमले की फिराक में थे.

एनआईए के अनुसार पकड़े गए संदिग्ध आईएसआईएस के मॉड्यूल ‘हरकत उल हर्ब-ए-इस्लाम’ की तरह काम कर रहे थे. ये एक ऐसा मॉड्यूल है, जिससे काफी एडवांस तरीके से सीरियल ब्लास्ट किए जाते हैं. उन्होंने बताया कि अब तक इस बात का सुराग नहीं मिला है कि आतंकी फंडिंग कहाँ से होती थी. ये लोग घरों से जेवर चोरी कर भी सामान खरीदते थे. एनआईए के अनुसार, इस मामले में अभी कुछ और गिरफ्तारी भी हो सकती हैं. पूरे मामले की गहनता से जांच की जा रही है.

बता दें कि राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने बुधवार को दिल्ली और यूपी में 16 जगह छापेमारी की. इस दौरान आतंकवादी संगठन आईएसआईएस (ISIS) के नए मॉड्यूल ‘हरकत उल हर्ब-ए-इस्लाम’ का खुलासा हुआ है. पुलिस को दिल्ली के जाफराबाद इलाके से भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद किया. और 10 लोगों को गिरफ्तार किया है. एनआईए की टीम की छापेमारी में खुलासा हुआ है कि ये आतंकी संगठन का ये मॉड्यूल आरएसएस कार्यलाय और दिल्ली पुलिस हेडक्वार्टर को निशाना बनाना चाहते थे. बताया जा रहा है कि इस मामले में विस्तृत जानकारी के लिए पुलिस की टीम शाम 4 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस करने वाली है. इसमें कई बड़े खुलासे हो सकते हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए सभी संदिग्धों से एनआईए की एक टीम पूछताछ कर रही है, ताकि ISIS के नए मॉड्यूल के बारे में जानकारी इकट्ठा कर सके.

गृह मंत्रालय की रिपोर्ट
बता दें कि दिसंबर 2017 में गृहमंत्रालय की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एनआईए ने 103 आरोपियों को आईएसआईएस से किसी न किसी तरह के कनेक्शन के आरोप में गिरफ्तार किया. इसमें सबसे ज्यादा जांच उत्तर प्रदेश में हो रही है. रिपोर्ट के मुताबिक, गिरफ्तार 103 लोगों में 17 को उत्तर प्रदेश से ही गिरफ्तार किया गया है. बताया जा रहा है कि इन सभी का आईएसआईएस से कनेक्शन है. रिपोर्ट है कि ये नए मॉड्यूल ‘हरकत उल हर्ब-ऐ-इस्लाम’ के साथ जुड़े हुए हैं, जो आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने का काम करती है.