नई दिल्ली. नन से कथित तौर पर रेप के मामले में आरोपी बिशप फ्रैंको मुलक्कल ने शनिवार को जांच पूरी होने तक अपना पद छोड़ने का फैसला लिया है. बता दें कि बिशप को 19 सितंबर को पुलिस के सामने पेश होना है. उन्होंने इसके साथ ही इस पद की जिम्मेदारी डिप्टी बिशप को सौंप दी है. बता दें कि जालंधक के बिशप पर केरल में नन ने रेप का आरोप लगाया है. Also Read - मुंबई में ACP की पोस्‍ट पर रहते हुए महिला ASI से रेप करने के आरोप में Deputy SP पर केस दर्ज

इस दौरान बिशप ने कहा, आरोपों के बाद मैं सबकुछ गॉड पर छोड़कर जा रहा हूं. मेरे खिलाफ चल रही जांच जब तक पूरी नहीं होती मैं इस पद पर नहीं रहूंगा. मेरी अनुपश्तिति में इस पद पर डिप्टी बिशप मैथ्यू कोक्कणम रहेंगे. इस दौरान बिशप अपने आपको निर्दोश बताते रहे और कहा कि उन्हें साजिशन फंसाया जा रहा है. Also Read - Madhya Pradesh Crime News: 13 साल की बच्ची के साथ पांच दिनों में दो बार सामूहिक दुष्कर्म, 6 गिरफ्तार

आईजी ने की थी मीटिंग
बता दें कि एर्नाकुलम क्षेत्र के आईजी ने बिशप के मामले में एक मीटिंग की. इसके बाद उन्होंने 19 सितंबर तक बिशप को तलब करने का निर्देश दिया है. दूसरी तरफ नन वेटिकल सिटी (ईसाईयों की सर्वोच्च संस्था) में इस मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है. उन्होंने बिशप को पद से हटाने की भी मांग की है. Also Read - शर्मनाक: 4 सगे भाईयों ने मिलकर किया नाबालिग से दुष्कर्म का प्रयास, वीडियो भी बनाया

चिट्ठी लिखी थी
8 सितंबर 2018 को लिखे गए सात पेजों की चिट्ठी में नन ने कहा था कि चर्च की चुप्पी से वह अपमानित महसूस कर रही हैं. नन आरोप लगाया कि उनके साथ 13 बार यौन उत्पीड़न किया गया. इसके बावजूद चर्च खामोश है और बिशप के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है.