नई दिल्ली: जामिया नगर में बीते दिनों हुए हिंसा मामले में हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया है. कोर्ट ने यह नोटिस केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस को लेकर जारी किया है. कोर्ट ने इस मामले में 4 फरवरी तक केंद्र और दिल्ली पुलिस से जवाब मांगा है. बता दें कि पहले इस मामले को सुप्रीम कोर्ट ले जाया गया था लेकिन कोर्ट ने कहा कि पहले मामले को हाईकोर्ट ले जाया जाए. इसके बाद इस मामले को हाईकोर्ट लाया गया.

गौरतलब है कि बीते दिनों नागरिकता कानून (Citizenship Amendment Act) के खिलाफ जामिया विश्वविद्यालय के छात्र सड़क पर उतर आए थे. इस दौरान छात्रों ने कई बसों और वाहनों में आग भी लगा दी. बिगड़ते हालात को काबू में लाने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े साथ ही लाठी चार्ज भी करना पड़ा. इस मामले में विश्वविद्यालय की वाइस चांसलर नजमा अख्तर ने मीडिया को संबोधित करते हुए बयान दिया था कि 200 छात्र घायल हुए हैं लेकिन किसी भी छात्र की इस घटना में मौत नहीं हुई है. इस नजमा अख्तर ने कहा कि जामिया प्रशासन दिल्ली पुलिस के खिलाफ एक मुकदमा दर्ज कराएगी.

बता दें कि देशभर में लगातार नागिरकता बिल को लेकर विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं. इस बिल के तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से आए प्रताड़ित गैर-मुसलमानों को भारतीय नागरित दी जाएगी. इस बात को लेकर देशभर के छात्र संगठन और विपक्षी पार्टियां लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही हैं. इसी कड़ी में दिल्ली में आज 18 मेट्रों स्टेशनों को बंद कर दिया गया है साथ ही कई जगहों पर फोन लाइन और इंटरनेट सेवाओं को बंद कर दिया गया है.