जम्मू: जम्मू कश्मीर प्रशासन ने मंगलवार को गांदरबल और उधमपुर जिलों को छोड़कर बाकी हिस्सों में सुरक्षा का हवाला देते हुए 4 जी मोबाइट इंटरनेट सुविधा नहीं शुरू करने का निर्णय लिया. हालांकि, उसने कहा कि 16 अगस्त को कश्मीर के गांदरबल और जम्मू के उधमपुर जिलों में प्रायोगिक आधार पर बहाल की गयी उच्च गति की इंटरनेट सुविधा इस माह के आखिर तक जारी रहेगी क्योंकि उसके दुरुपयोग की कोई खबर नहीं आयी है.Also Read - 75 साल से आर्टिकल 370 के रहते जम्मू कश्मीर में शांति क्यों नहीं थी? : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पूछा

मंगलवार शाम को जारी आदेश में गृह विभाग में प्रधान सचिव शालीन काबरा ने बताया कि स्थिति की ताजा समीक्षा के बाद यह निर्णय लिया गया है. Also Read - जम्मू कश्मीर पर टिप्पणियों के लिए भारत ने ‘OHCHR’ पर साधा निशाना, कहा- सीमा पार आतंकवाद के कारण...

आदेश में कहा गया है कि कानून लागू करने वाली एजेंसियों ने इस बात की पक्की सूचना दी है कि आतंकी गिरोह भोले-भाले युवकों की भावनाएं भड़काने और उन्हें बहला-फुसलाकर आतंकवादी संगठनों में शामिल करने की निरंतर कोशिश कर रहे हैं और ‘‘अव्यवस्था फैलाने के लिए उच्च गति की डाटा सेवाओं के संभावित दुरूपयोग का भी संकेत मिला है.’’ Also Read - कब बहाल होगा जम्मू कश्मीर का राज्य का दर्जा? भाजपा बोली- पहले चुन कर की जा रही हत्याएं बंद हों

एजेंसियों ने यह भी आशंका प्रकट की कि उच्च गति की डाटा सेवाओं का दुरुपयोग आतंकवादियों को घुसपैठ में मदद करने के लिए किया जा सकता है. आदेश के अनुसार गांदरबल और उधमपुर को छोड़कर बाकी 18 जिलों में 2 जी इंटरनेट सुविधा होगी.

केंद्र सरकार द्वारा पिछले साल पांच अगस्त को जम्मू कश्मीर के विशेष राज्य के दर्जे को समाप्त करने और उसे दो केंद्रशासित प्रदेशों में बांटने की घोषणा करने के बाद जम्मू कश्मीर में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गयी थी. हालांकि, इस साल 25 जनवरी को 2 जी मोबाइल इंटरनेट सेवा बहाल कर दी गई.

(इनपुट भाषा)