J&K में आतंकियों को पनाह देने वालों की संपत्ति UAPA तहत होगी जब्‍त, जब्‍ती प्रक्र‍िया भी हुई शुरू

जम्मू-कश्मीर पुलिस ने चेताते हुए कहा कि आतंकवादियों को पनाह देने वालों की संपत्ति कुर्क कर ली जाएगी

Published date india.com Published: March 24, 2022 9:49 PM IST
J&K Govt Terminates Five Govrnment Employees For Having Terror Links
India and EU emphasized the importance of strengthening counter-terrorism cooperation through the exchange of information, capacity building, and strengthening law enforcement and judicial partnerships.

श्रीनगर: जम्‍मू-कश्‍मीर (Jammu and Kashmir) में अब आतंकवादियों (terrorists) या उनके सहयोगियों (terrorists associate) को पनाह देने वालों को भारी पड़ेगा. जम्मू-कश्मीर पुलिस (Jammu and Kashmir Police) ने आज गुरुवार को चेतावनी दी कि आतंकवादियों या उनके सहयोगियों को पनाह (harboring terrorists) देने वाले लोगों की संपत्तियों को यूएपीए तहत जब्‍त की जाएगी. श्रीनगर पुलिस ने ट्वीट करके यह भी बताया कि यूएपीए के तहत आतंकवाद के उद्देश्य से इस्तेमाल की गईं संपत्तियों को कुर्क करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है.

जम्मू-कश्मीर पुलिस ने को चेतावनी दी कि आतंकवादियों या उनके सहयोगियों को पनाह देने वाले लोगों की संपत्तियों को गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत कुर्क कर लिया जाएगा. श्रीनगर पुलिस ने ट्वीट करके बताया है कि यूएपीए अधिनियम के तहत आतंकवाद के उद्देश्य से इस्तेमाल की गईं कुछ अचल संपत्तियों को कुर्क करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है.

श्रीनगर पुलिस ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा, ‘ आतंकवाद के उद्देश्य से इस्तेमाल की गईं कुछ अचल संपत्तियों को यूएलपी (यूएपीए) अधिनियम की धारा 2 (जी) और 25 के तहत कुर्क करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है.’

पुलिस ने कहा कि ऐसे मामलों में कानूनी कार्रवाई करने के अलावा कानून के तहत संपत्तियों को कुर्क भी किया जाएगा. पुलिस ने कहा, “आतंकवादियों / आतंकवादियों के सहयोगियों को आश्रय या पनाह न दें. कानून के तहत संपत्ति कुर्क कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी.’

बता दें कि केंद्र सरकार के मुताबिक, जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटने के बाद वहां आतंकवादी गतिविधियों में कमी आयी है तथा निवेश के लिए माहौल बना है. 2021 में घुसपैठ में 33 प्रतिशत, संघर्ष विराम उल्लंघन की घटनाओं में 90 प्रतिशत, आतंकवाद संबंधी घटनाओं में 61 प्रतिशत और आतंकवादियों द्वारा अपहरण की घटनाओं में 80 प्रतिशत की कमी आई है.

2021 में पिछले साल की तुलना में पुलिस एवं सुरक्षा बलों के शहीद होने वाले कर्मियों की संख्या में 33 प्रतिशत की कमी आयी है. 2021 और 2022 में अभी तक पुलिस एवं सुरक्षाकर्मियों से हथियार छीनने की कोई घटना नहीं हुई है. 2021 में 44 शीर्ष आतंकी कमांडरों सहित 180 आतंकवादियों को ढेर किया गया, जिनमें 148 स्थानीय व 32 विदेशी हैं. (इनपुट: भाषा)

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