नई दिल्ली: जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) में छात्रों पर हुए हमले की जांच के लिए दिल्ली पुलिस की एक स्पेशल टीम मंगलवार को जेएनयू कैंपस पहुंची. टीम को लीड कर रहीं दिल्ली पुलिस की ज्वाइंट कमिश्नर शालिनी सिंह ने कहा कि है कि उन्होंने कैंपस में घटनास्थलों का दौरा किया है. साथ ही उन्होंने ये भी कहा है कि विश्वविद्यालय के छात्रों ने उन पर भरोसा जताया है. Also Read - Covid19: मास्‍क को लेकर इस कपल ने दिल्‍ली पुलिस के जवानों से की थी बदतमीजी, अब हुआ ये हाल

उन्होंने कहा, “हमने सभी स्थानों का दौरा किया और जेएनयू में छात्रों के साथ बातचीत की. वर्तमान में जांच प्रारंभिक चरण में है. छात्रों ने हम पर अपना भरोसा रखा है और हमें कुछ इनपुट दिए हैं.” बता दें कि जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) में छात्रों पर हुए हमले की जांच के लिए दिल्ली पुलिस ने एक स्पेशल टीम गठित की है. पुलिस कमिश्नर ने इस जांच के आदेश दिए हैं. दिल्ली पुलिस की ज्वाइंट कमिश्नर शालिनी सिंह यह जांच कर रही हैं. Also Read - Delhi: दिल्ली पुलिस की बड़ी कामयाबी, छह अपराधियों को गिरफ्तार किया


वहीं इससे पहले दिल्ली पुलिस ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के सर्वर रूम में तोड़फोड़ करने के लिए जेएनयूएसयू अध्यक्ष आइशी घोष और 19 अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. टीवी पर रविवार शाम खून से सने चेहरे और सोमवार को पट्टी बांधे नजर आईं घोष पर अब जेएनयू में रविवार को हुई हिंसा में मुख्य भूमिका निभाने का आरोप लगा है.

उनके खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 341, 323 और 506 तथा सार्वजनिक संपत्ति क्षति रोकथाम अधिनियम, 1984 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. उनके अलावा एफआईआर में साकेत मून, सतीश यादव, सारिका चौधरी और अन्य लोगों के नाम दर्ज हैं.