JNU Violence Updates: जेएनयू में बीती शाम भयानक हिंसा हुई. इस हिंसा में कई छात्रों को चोंटे आईं. कई घायल छात्रों को ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है. इस मामले पर जेएनयू के कुलपति ने दुख व्यक्त करते हुए कहा है कि यह बेहद निंदनीय है और प्रशासन ऐसी किसी भी हरकत की निंदा करता हैं. बता दें कि इस हिंसा में जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष अइशी घोष को गंभीर चोट आई है. बता दें कि इस मामले पर अब देशभर से प्रतिक्रियाएं आ रही हैं. बता दें कि इस मामले पर अमित शाह ने भी बयान दिया है. और उन्होंने इस मामले पर कार्रवाई करने का फैसला लेते हुए छात्र संघ के लोगों के साथ बैठक करने को कहा है.

जेएनयू हिंसा पर अब तक की अपडेट्स

1- भारी पुलिस बल की तैनाती के साथ केवल वैध पहचान पत्र वाले लोगों को परिसर के अंदर एंट्री. यही नहीं मीडिया सहित अन्य बाहरी लोगों के लिए एंट्री पर मनाही.

2- गृह मंत्री अमित शाह ने दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल से बात की. शाह ने बैजल से जेएनयू के छात्र प्रतिनिधियों के साथ एक बैठक आयोजित करने का अनुरोध किया है.

3- हमले में जेएनयू छात्र संघ की अध्यक्ष आईशी घोष सहित कम से कम 28 लोग घायल हो गये, जिन्हें एम्स में भर्ती कराया गया है.

4- जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में रविवार रात हिंसा की घटना को शर्मनाक बताते हुए बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने घटना की न्यायिक जांच की मांग की है.

5- मुम्बई में विभिन्न कॉलेजों के छात्र जवाहर लाल नेहरू (जेएनयू) में हुई हिंसा के विरोध में सोमवार सुबह ‘गेटवे ऑफ इंडिया’ पर एकत्र हुए. छात्रों ने हिंसा के खिलाफ नारेबाजी भी की. मुम्बई के विभिन्न कॉलेजों के अधिकतर छात्र ताज महल पैलेस होटल के पास एकत्रित हुए. छात्र ने कहा कि यह तत्काल आहूत किया मार्च था.

6- जेएनयू में कल हुई हिंसा के संबंध में दिल्ली पुलिस एफआईआर दर्ज कर लिया है. यही नहीं हिंसा में घायल हुए 23 छात्रों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है.

7- जेएनयू के एक छात्र ने कहा कि “लोग बाहर से आए, लाठी और डंडों से लैस. विश्वविद्यालय में स्थिति गंभीर है. इसलिए मैं अभी के लिए कैंपस छोड़ रही हूं.”

8- जेएनयू हिंसा मामले पर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के आवास पर बैठक की गई. इस बैठक में पार्टी के वरिष्ठ नेता सहित कई मंत्री शामिल थें.

9- केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने आरएसएस पर निशाना साधते हुए कहा कि संघ परिवार को कैंपस में खून-खराबे से बचना चाहिए. छात्रों पर हमला असहिष्णुता का परिणाम है. विश्वविद्यालय परिसर में छात्रों और शिक्षकों पर नाजी शैली का हमला उन लोगों द्वारा किया जाता है जो देश में अशांति और हिंसा पैदा करना चाहते हैं.

10- मानव संसाधन विकास मंत्रालय (MHRD) के सचिव ने आज जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) के रजिस्ट्रार, प्रॉक्टर और रेक्टर को अपने कार्यालय में बुलाया है.