Justin Trudeau on Farmers Protest: कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ फोन पर हुई बातचीत में उन्होंने किसान प्रदर्शनों से निबटने के लिए संवाद का रास्ता चुनने के भारत सरकार के प्रयासों की सराहना की और इसे ‘‘लोकतंत्र के लिहाज से उपयुक्त’’ बताया. विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. Also Read - राहुल गांधी ने अनुराग कश्‍यप और तापसी पन्‍नू पर IT Raid को लेकर सरकार पर कसा तंज

मोदी और ट्रूडो के बीच बुधवार को कोरोना वायरस संकट समेत अनेक मुद्दों के बारे में फोन पर बात हुई थी. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘प्रधानमंत्री ट्रूडो ने किसानों के प्रदर्शन के सिलसिले में भारत सरकार द्वारा लोकतंत्र के लिहाज से उपयुक्त संवाद का रास्ता अपनाने के प्रयासों की सराहना की.’’ Also Read - New Education Policy: पीएम मोदी ने कहा- प्री-नर्सरी से पीएचडी तक जल्द ही लागू हों नई शिक्षा नीति के नियम

श्रीवास्तव ने कहा, ‘‘उन्होंने (ट्रूडो) कनाडा में भारतीय राजनयिक परिसरों और अधिकारियों को सुरक्षा उपलब्ध करवाने में अपनी सरकार की जिम्मेदारी भी स्वीकार की.’’ कनाडा के प्रधानमंत्री कार्यालय से जारी एक बयान में कहा गया कि दोनों प्रधानमंत्री के बीच फोन पर हुई बातचीत में किसान प्रदर्शन का मुद्दा उठा. हालांकि, भारत की ओर से इस बारे में जारी बयान में ऐसा कोई जिक्र नहीं किया गया. Also Read - Kisan Andolan: किसान आंदोलन से NHAI के सामने बड़ी चुनौतियां, कई प्रोजेक्ट के काम लटके

कनाडा की ओर से जारी बयान में कहा गया, ‘‘दोनों नेताओं ने लोकतांत्रिक सिद्धांतों के लिए कनाडा और भारत की प्रतिबद्धता, हालिया प्रदर्शनों और बातचीत के जरिए मुद्दों के समाधान के महत्व पर चर्चा की.’’

ट्रूडो ने दिसम्बर में कहा था कि कनाडा हमेशा शांतिपूर्ण प्रदर्शन का समर्थन करता रहेगा और साथ ही उन्होंने स्थिति को लेकर चिंता भी व्यक्त की थी.

पिछले हफ्ते विदेश राज्य मंत्री वी. मुरलीधरन ने कहा था कि कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने किसानों से संबंधित मुद्दे पर टिप्पणी की है और कनाडा को बता दिया गया है कि भारत के आंतरिक मामलों पर ऐसी टिप्पणी करना ‘‘गैरजरूरी’’ और ‘‘अस्वीकार्य’’ है.

(इनपुट भाषा)