नई दिल्लीः मध्य प्रदेश में सत्ताधारी भाजपा, कांग्रेस को मात देने की हर संभव कोशिश में जुटी है. दरअसल, अब तक के चुनावी अभियान को देखकर लगता है कि राज्य में इस बार मुकाबला बेहद कड़ा है. पिछले 15 साल में पहली दफा ऐसा लग रहा है कि कांग्रेस पार्टी, सत्ताधारी भाजपा को चुनौती दे रही है. ऐसे में भाजपा भी कांग्रेस को मात देने के लिए हर रोज नई रणनीति बना रही है. पार्टी की ताजा रणनीति कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं कमलनाथ और ज्योतिरादित्य सिंधिया को उनके ही घर में उलझाने की है. इसके लिए भाजपा जमीनी स्तर के संघ के कार्यकर्ताओं और अपनी बूथ कमेटियों को इस काम पर लगा रही है. हालांकि भाजपा के लिए सबसे बड़ी चिंता की बात यह है कि संघ के कार्यकर्ता बहुत उत्साह नहीं दिखा रहे हैं.

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इकोनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ छिंदवाड़ा से सांसद है. छिंदवाड़ा उनका गढ़ माना जाता है. दूसरी तरफ पार्टी के युवा नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया का गुना, शिवपुरी और ग्वालियर में काफी प्रभाव है. कांग्रेस के बुरे दिन में भी ये दोनों नेता अपने-अपने क्षेत्रों में पार्टी का परचम लहराने में सफल रहे हैं. लेकिन पिछले दिनों मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की यात्रा को लेकर छिंदवाड़ा में अच्छा उत्साह दिखा. इसके बाद से भाजपा यह मान रही है कि वह इस बार भी यहां की सभी आठ विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज करेगी. वर्ष 2013 में भाजपा ने यहां की सभी आठ सीटों पर जीत दर्ज की थी. पार्टी का मानना है कि कमलनाथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हैं, ऐसे में वह अपने क्षेत्र पर बहुत ज्यादा ध्यान नहीं दे सकेंगे. भाजपा इस चीज का फायदा उठा सकती है.

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कुछ ऐसी ही स्थिति ग्वालियर क्षेत्र की है. इस इलाके में सिंधिया बड़े नेता हैं. वैसे तो भाजपा इस इलाके में कमजोर है लेकिन उसका मानना है कि इस बार वह अच्छा प्रदर्शन करेगी. सिंधिया की बुआ और शिवराज सरकार में मंत्री यशोधरा राजे की इस इलाके में अच्छी पकड़ है, लेकिन इलाके में भाजपा के पास दमदार उम्मीदवार नहीं है. ऐसे में पार्टी ने केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर को इस क्षेत्र की जिम्मेवारी दी है. वह इस समय ग्वालियर से सांसद हैं और वहीं पर कैप करेंगे. पार्टी ने तोमर के साथ पूर्व सांसद माया सिंह को लगाया है. माया सिंह की शादी सिंधिया परिवार में हुई है. इस बार वह चुनाव नहीं लड़ रही हैं.

भाजपा के महासचिव कैलाश विजयवर्गीय का कहना है कि तमाम बड़े नेता गुना, शिवपुरी और ग्वालियर इलाके में चुनाव प्रचार करेंगे. इसमें पार्टी अपने ओबीसी और दलित चेहरों का भी सहयोग लेगी. उन्होंने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी और सीएम शिवराज सिंह चौहान भाजपा के चेहरा होंगे.