नई दिल्ली: पिछले कुछ दिनों से कर्नाटक में चल रही राजनीतिक उठापटक के बीच मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी आज सदन में अपना बहुमत साबित करेंगे. कांग्रेस और जेडीएस गठबंधन को उम्मीद है कि वो आराम से सदन में अपना बहुमत साबित कर देंगे. बुधवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद कुमारस्वामी ने कहा था, ”हम शुक्रवार को सदन में फ्लोर टेस्ट का सामना करेंगे और ये साबित कर देंगे कि गठबंधन की हमारी सरकार के पास पूर्ण बहुमत है.” हाल ही में हुए कर्नाटक विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) 104 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी थी लेकिन बहुमत के आंकड़े 112 से 8 सीट दूर रह गई थी.

कांग्रेस पार्टी को इस चुनाव में 78 सीट मिली थी जबकि जेडीएस को 37 सीट मिली थी. चुनाव के बाद कांग्रेस ने जेडीएस को बिना किसी शर्त के समर्थन दे दिया था और अब आज ये गठबंधन विधानसभा में अपना बहुमत साबित करेगा. कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन अपने साथ 117 विधायकों के होने का दावा कर रहा है. बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने भी कर्नाटक चुनाव में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई थी और पार्टी का एक विधायक चुनाव जीता है. इसके अलावा कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन ने केपीजेपी के एकमात्र विधायक और एक निर्दलीय विधायक के समर्थन का भी दावा किया है.

चुनाव के बाद बनी त्रिशंकु विधानसभा में राज्य के राज्यपाल वजुभाई वाला ने सबसे बड़ी पार्टी बीजेपी को सरकार बनाने के लिए बुलाया था हालांकि गवर्नर के इस फैसले की काफी आलोचना भी हुई थी कि जब बीजेपी के पास पूर्ण बहुमत नहीं है तो फिर उसे सरकार बनाने के लिए क्यों बुलाया गया. राज्यपाल ने बीजेपी को सदन में बहुमत साबित करने के लिए 15 दिन का समय दिया था जिसपर कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाई थी. कांग्रेस की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने येदियुरप्पा को दो दिन के अंदर सदन में बहुमत साबित करने को कहा था.

स्पीकर पद के लिए बीजेपी मैदान में
बीजेपी ने विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए अपने वरिष्ठ नेता और पांच बार के विधायक एस सुरेश कुमार को उतारा है. कांग्रेस के रमेश कुमार ने सत्तारूढ़ गठबंधन के उम्मीदवार के रूप में इस पद के लिए अपना नामांकन भरा है. बीजेपी उम्मीदवार ने कहा कि संख्या बल और कई अन्य कारकों के आधार पर हमारी पार्टी के नेताओं को विश्वास है कि मैं जीतूंगा. इसी विश्वास के साथ मैंने नामांकन दाखिल किया है.

यह पूछने पर कि बीजेपी के केवल 104 विधायक हैं तो ऐसे में उनके जीतने की संभावना क्या है, सुरेश कुमार ने कहा, मैंने नामांकन पत्र दाखिल कर दिया है. शुक्रवार को दोपहर सवा बारह बजे चुनाव है. चुनाव के बाद आपको पता चल जाएगा. कांग्रेस विधायक दल के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने गठबंधन उम्मीदवार की जीत के बारे में विश्वास जताया है. उन्होंने कहा कि मुझे पता चला है कि बीजेपी ने भी नामांकन दाखिल किया है. मुझे उम्मीद है वे नामांकन वापस ले लेंगे.

बहुमत साबित नहीं कर पाए थे येदियुरप्पा
बीजेपी के बी एस येदियुरप्पा ने 17 मई को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी लेकिन सदन में विश्वास मत हासिल करने से पहले ही उन्होंने इस्तीफा दे दिया था. येदियुरप्पा ने कांग्रेस पर जनादेश का अपमान कर बैकडोर से सरकार बनाने का आरोप लगाया था. येदियुरप्पा के इस्तीफा देने के बाद जेडीएस के कुमारस्वामी ने एक बड़े समारोह में मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी.

शपथ लेने के बाद कुमारस्वामी ने विश्वासमत हासिल करने का भरोसा जताते हुए आशंका भी जताई थीं कि उनकी सरकार को गिराने के लिए बीजेपी ‘ऑपरेशन कमल’ दोहराने का प्रयास कर सकती है. इसी आशंका के चलते कांग्रेस विधायक अभी भी होटल में हैं और बहुमत साबित करने के दिन ही विधानसभा पहुंचेंगे.

सरकार चलाने के तैयारी शुरू
सदन में बहुमत साबित करने को लेकर आश्वस्त मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने गुरुवार को कहा कि वो सदन में अपना बहुमत साबित करने के बाद वित्त मंत्रालय के अधिकारियों की बैठक लेंगे ताकि राज्य के बजट पर फैसला लिया जा सके. कुमारस्वामी ने कहा कि वो कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन द्वारा किए गए वादों को पूरा करेंगे.