Live Updates

  • 11:44 PM IST

    कुमारस्वामी बेंगलुरु के ईगलटोन रिजॉर्ट पहुंचे जहां कांग्रेस और जेडीएस विधायक ठहरे हुए हैं.

  • 11:41 PM IST

  • 10:56 PM IST

    कर्नाटक में बी एस येदियुरप्पा को सरकार गठन का न्योता मिलने के बाद कांग्रेस ने आरोप लगाया कि राज्यपाल वजुभाई वाला ने संविधान की बजाय भाजपा में अपने मालिकों की सेवा चुनी और ‘भाजपा की कठपुतली’ के तौर पर काम किया. कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि वजुभाई वाला ने राज भवन की गरिमा धूमिल की, संविधान और नियमों की अवहेलना की और भाजपा की कठपुतली के तौर पर काम किया.

  • 10:56 PM IST

  • 9:57 PM IST

  • 9:56 PM IST
    राज्यपाल ने बीएस येदियुरप्पा को सरकार बनाने का न्योता दिया. राज्यपाल ने येदियुरप्पा को बहुमत साबित करने के लिए 15 दिन का समय दिया. गुरुवार सुबह 9 बजे लेंगे शपथ.
  • 9:05 PM IST

    कर्नाटक बीजेपी प्रभारी प्रकाश जावड़ेकर से जब पूछा गया कि क्या गवर्नर ने बीजेपी को सरकार बनाने के लिए न्योता दिया है, उन्होंने विक्टरी साइन दिखाया.

  • 9:03 PM IST

  • 9:03 PM IST

    पी चिदंबरम ने कहा, कांग्रेस और जेडीेस ने अपना बहुमत गर्वनर को दिखाया लेकि नअब तक उन्होने कुमारस्वामी को सरकार बनाने के लिए नहीं बुलाया है. सुना है कि बी एस येदियुरप्पा को सरकार बनाने का न्योता दिया गया है, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं की जा सकती है. इसलिए मानकर चल रहे हैं कि गवर्नर ने किसी को न्योता नहीं दिया है.

  • 9:01 PM IST

नई दिल्ली. कर्नाटक विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के एक दिन बाद राज्य में सरकार बनाने के लिए कांग्रेस, जेडीएस और भाजपा के बीच जोर-आजमाईश तेज हो गई है. चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी भाजपा ने सरकार बनाने का दावा ठोक दिया है, वहीं कांग्रेस और जेडीएस का नया गठबंधन भी इस मामले में पीछे नहीं है. भाजपा के पास सरकार गठन के लिए जरूरी 8 विधायकों की कमी है, इसके मद्देनजर बाकी दोनों दल अपने-अपने विधायकों की ‘सुरक्षा’ में लग गए हैं. इसी बीच कांग्रेस के एक विधायक अम्रेगौड़ा एल. पाटिल ने कहा है कि उनके पास भाजपा में शामिल होने के लिए फोन आ रहे हैं. उन्हें सरकार में मंत्री बनने का लालच दिया जा रहा है. इधर, प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ नेता के.एस. ईश्वरप्पा ने मीडिया से बातचीत में कहा कि राज्य में निश्चित रूप से भाजपा ही सरकार बनाएगी. वहीं, नेताओं की ‘खरीद-फरोख्त’ के मद्देनजर कांग्रेस नेता डी.के. शिवकुमार ने कहा है कि वे अपने विधायकों की ‘सुरक्षा’ कर रहे हैं. Also Read - सुन लीजिए कमलनाथ जी... मैं कुत्ता हूं, मेरा मालिक मेरी जनता है, जिसकी मैं सेवा करता हूं: सिंधिया

ईश्वरप्पा बोले- अभी तो एक ही दिन बीता है
कर्नाटक विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनकर आई भाजपा ने प्रदेश में सरकार गठन के लिए सबसे पहला दावा किया है. पार्टी के नेता भी सरकार बनाने के प्रति आश्वस्त नजर आ रहे हैं. सरकार गठन के मद्देनजर भाजपा के वरिष्ठ नेता के.एस. ईश्वरप्पा ने दावा किया है कि उनकी पार्टी ही प्रदेश में सरकार बनाएगी. मीडिया से बातचीत के दौरान ईश्वरप्पा ने कहा, ‘इसमें कोई संशय ही नहीं है कि भाजपा ही राज्य में सरकार बनाएगी. शत-प्रतिशत हम ही सरकार में आएंगे. अभी तो एक ही दिन बीता है, देखते जाइए, आगे क्या होता है.’ ईश्वरप्पा ने कहा कि विधानसभा चुनाव में भाजपा ने सबसे ज्यादा सीटें हासिल की है, इसलिए हमारी पार्टी ही सरकार बनाएगी. Also Read - Bihar Assembly Election 2020: राजनाथ सिंह का कांग्रेस पर हमला, बोले- अगर मैंने खुलासा कर दिया तो चेहरा दिखाना मुश्किल हो जाएगा

कांग्रेस विधायक बोले- मंत्री बनने का दे रहे लालच
इस बीच एक नाटकीय घटनाक्रम में कांग्रेस के विधायक अम्रेगौड़ा एल. पाटिल ने भाजपा पर विपक्षी विधायकों को अपने पक्ष में करने का आरोप लगाया है. पाटिल ने मीडियो को यह भी बताया है कि उनके पास भाजपा की ओर से उनकी पार्टी में शामिल होने के लिए फोन आ रहे हैं और मंत्री पद का लालच दिया जा रहा है. पाटिल ने मीडिया को बताया, ‘मेरे पास भाजपा के कई नेताओं के फोन आए हैं. वे मुझे भाजपा में शामिल होने का आमंत्रण दे रहे हैं. साथ ही मुझे सरकार में मंत्री बनने का लालच भी दिया जा रहा है.’ पाटिल ने जेडीएस नेता कुमारस्वामी के प्रति भरोसा जताते हुए कहा, ‘मैं भाजपा के लालच में नहीं आऊंगा. एच.डी. कुमारस्वामी हमारे नेता हैं. वहीं प्रदेश के मुख्यमंत्री बनेंगे.’ Also Read - विधानसभा चुनाव की तैयारी, पश्चिम बंगाल में दो दिन रहकर माहौल बनाएंगे गृहमंत्री अमित शाह

कांग्रेस ने कहा- भाजपा के पास बहुमत नहीं
इधर, कर्नाटक विधानसभा का चुनाव परिणाम आने के बाद कांग्रेस की ओर से बेंगलुरू भेजे गए पार्टी के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा है कि भाजपा के पास बहुमत नहीं है. कर्नाटक में कांग्रेस और जेडीएस ही सरकार बनाएंगे. आजाद ने मीडिया से बातचीत में कहा, ‘कांग्रेस और जेडीएस के पास कुल 117 विधायक हैं. भाजपा के पास बहुमत नहीं है. राज्यपाल किसी का पक्ष नहीं ले सकते. उन्हें संविधान की रक्षा करनी चाहिए.’