बेंगलुरू. राज्यपाल वजुभाई वाला की ओर से मुख्यमंत्री एच. डी. कुमारस्वामी को कर्नाटक विधानसभा में बहुमत साबित करने के लिए शुक्रवार दोपहर 1:30 बजे तक का समय दिया गया था. लेकिन कुमारस्वामी निर्धारित समय तक बहुमत साबित नहीं कर सके. इस समयसीमा के अंदर गठबंधन सरकार की ओर से बहुमत साबित नहीं करने के बाद विपक्ष हावी हो गया और विधानसभा में फ्लोर टेस्ट कराने की मांग उठी. हालांकि इसी बीच गवर्नर द्वारा मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखा गया है, जिसमें उन्हें आज शाम 6 बजे तक विधानसभा में बहुमत साबित करने को कहा गया है. Also Read - 'राजस्थान में फिर शुरू होने वाला है सरकार गिराने का खेल', CM गहलोत बोले- हमारे विधायकों को बैठाकर चाय-नमकीन खिला रहे अमित शाह

विपक्षी भाजपा नेता बी. एस. येदियुरप्पा के कहा कि मुख्यमंत्री शुक्रवार दोपहर 1:30 बजे तक बहुमत साबित करने में विफल रहे हैं. उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष के. आर. रमेश कुमार से फ्लोर टेस्ट कराने की मांग की. विश्वास प्रस्ताव पर चर्चा पूरी होने से पहले हालांकि, अध्यक्ष ने फ्लोर टेस्ट से इंकार कर दिया. स्पीकर ने कहा कि जब तक विश्वास प्रस्ताव पर बहस पूरी नहीं हो जाती है, तब तक फ्लोर टेस्ट नहीं कराया जा सकता है. इसको लेकर कर्नाटक विधानसभा में जोरदार हंगामा भी हुआ, जिसके कारण दोपहर बाद कुछ देर के लिए सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई थी. Also Read - Hyderabad Election Result 2020: हैदराबाद नगर निगम चुनाव में बजा बीजेपी का डंका, टीआरएस को फिर मिली सत्ता

विधानसभा में फ्लोर टेस्ट कराने को लेकर कांग्रेस नेता और पूर्व मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने कहा कि इस मसले पर बहस अभी तक पूरी नहीं हुई है. कांग्रेस के 20 विधायक सदन में उपस्थित नहीं हैं. उन्हें भी इस कार्यवाही में भाग लेना है. सिद्दारमैया ने कहा कि उन्हें लगता है कि शुक्रवार को यह बहस पूरी नहीं हो सकेगी, सोमवार तक इसे बढ़ाया जा सकता है. इसके उलट, भाजपा नेता और पूर्व सीएम बीएस येद्दियुरप्पा ने कहा कि मुख्यमंत्री सदन का विश्वास खो चुके हैं. उन्होंने जेडीएस के एक विधायक को बीजेपी से 5 करोड़ मिलने के दावे को लेकर कहा कि यह सरासर झूठा आरोप है. भाजपा इस मुद्दे पर विशेषाधिकार हनन का नोटिस लाएगी.

बहरहाल, कर्नाटक में 16 बागी विधायकों के इस्तीफा देने से पैदा हुआ सियासी संकट अभी समाप्त नहीं हुआ है. इस बीच विधानसभा में कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन सरकार के खिलाफ विश्वास मत के प्रस्ताव पर बहस चल रही है. गवर्नर वजूभाई वाला ने शुक्रवार को दोपहर 1.30 बजे तक सीएम एचडी कुमारस्वामी को सदन का विश्वास हासिल करने का समय दिया था, उस समय तक बहस समाप्त न होने के कारण यह अवधि राज्यपाल ने बढ़ा दी है. अब शुक्रवार की शाम 6 बजे तक कुमारस्वामी को सदन का विश्वास हासिल करने का अवसर दिया गया है.

(इनपुट – एजेंसी)