Karnataka lockdown Update: कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज एस बोम्मई ने गुरुवार को सीमावर्ती जिलों के अधिकारियों से कहा कि वे कोविड-19 महामारी पर नियंत्रण रखने के लिए अतिरिक्त एहतियात बरतें. बोम्मई यहां दक्षिण कन्नड़ जिले (केरल की सीमा से लगे) के इस जिला मुख्यालय कस्बे में थे, यहां हाल के दिनों में कोविड-19 के मामलों में चिंताजनक वृद्धि हुई है.Also Read - कर्नाटक में फिर लगेंगी Lockdown जैसी पाबंदियां? Omicron संक्रमित मरीज मिलने के बाद सीएम बोम्मई आज करेंगे बड़ा ऐलान

वेनलॉक मेडिसन गवर्नमेंट हॉस्पिटल में एक आईसीयू इकाई का उद्घाटन करने के बाद उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘मैं यहां कोविड-19 स्थिति की समीक्षा करने आया हूं. हमारा उद्देश्य दक्षिणी कन्नड़ जिले में कोविड-19 महामारी पर पूरी तरह से नियंत्रण करना है. सीमावर्ती क्षेत्रों में अतिरिक्त एहतियात बरतने की जरूरत है.’ Also Read - Karnataka Lockdown: कोरोना के नए वेरिएंट के खतरे के बीच क्या कर्नाटक में लगेगा लॉकडाउन? सीएम बोम्मई ने कर दिया साफ

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे पड़ोसी राज्यों से आने वाले लोगों को कोविड-19 जांच के बाद ही राज्य में प्रवेश की अनुमति दें. उन्होंने कहा कि वह अन्य सीमावर्ती जिलों की भी यात्रा करेंगे. हाल ही में, उन्होंने मैसुरु का दौरा किया और उसके बाद गुरुवार को मंगलुरु और उडुपी का दौरा किया. Also Read - Viral Video: पानी के बदले ड्रेनेज पाइप से निकलने लगे लाखों रुपये, ये नजारा देखकर चकरा जाएगा दिमाग | देखिए वीडियो

मुख्यमंत्री ने संवाददाताओं को बताया कि सरकार बच्चों के लिए एक नई योजना शुरू करने की तैयारी में है. उन्होंने कहा, ‘हमने उडुपी और पड़ोसी इलाकों में ‘वात्सल्य’ योजना की शुरुआत की है जिसके तहत बच्चे सभी तरह की (स्वास्थ्य) जांच करा सकेंगे. इसमें बाल स्वास्थ्य केंद्र स्थापित करना भी शामिल है. बेंगलुरु पहुंचते ही, हम इसे राज्य भर में शुरू करेंगे.’

स्कूली बच्चों के लिए नियमित, शारीरिक मौजूदगी के साथ कक्षाओं को बहाल करने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस बारे में काफी विचार-विमर्श किया गया. कक्षा नौवीं,10वीं और पूर्व विश्वविद्यालय कॉलेज की कक्षाओं को हम वैकल्पिक दिन के हिसाब से खोलने पर विचार कर रहे हैं और इसके परिणाम के आधार पर आगे के कदम निर्धारित होंगे. बोम्मई के साथ मौजूद स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर के सुधाकर ने कहा कि टीके की खुराक लेने वाले लोगों के संक्रमित होने के बेहद कम मामले सामने आए हैं.

(इनपुट: भाषा)