नयी दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को वाराणसी से काशी महाकाल एक्सप्रेस को रवाना किया. इसमें एक सीट भगवान शिव के लिए भी आरक्षित है. यह एक्सप्रेस दो राज्यों के तीन ज्योतिर्लिंगों की यात्रा करेगा. ट्रेन में भगवान शिव के लिए सीट आरक्षित करने के नए विचार के बाद रेलवे प्रशासन इस पर विचार कर रहा है कि ट्रेन में स्थायी तौर पर ‘भोले बाबा’ के लिए एक सीट आरक्षित की जाए. यह ट्रेन इंदौर के निकट ओंकारेश्वर, उज्जैन में महाकालेश्वर और वाराणसी में काशी विश्वनाथ को जोड़ेगी. Also Read - IRCTC की तीन निजी ट्रेनों में 30 अप्रैल तक के लिए टिकट की बुकिंग नहीं होगी

उत्तरी रेलवे के लिए प्रवक्ता दीपक कुमार ने बताया कि कोच संख्या बी5 की सीट संख्या 64 भगवान के लिए खाली की गई है. रेलवे ने आईआरसीटीसी संचालित तीसरी सेवा शुरू की है. यह ट्रेन उत्तर प्रदेश के वाराणसी से मध्य प्रदेश के इंदौर तक जाएगी. कुमार ने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ है जब एक सीट भगवान शिव के लिए आरक्षित और खाली रखी गई है. उन्होंने कहा कि सीट पर एक मंदिर भी बनाया गया है ताकि लोग इस बात से अवगत हों कि यह सीट मध्य प्रदेश के उज्जैन के महाकाल के लिए है. Also Read - कोरोना वायरस: वाराणसी के कुछ ग्रामीण क्षेत्रों को सील किया गया, हर मोहल्ले में लगाए गए बैरिकेड

वाराणसी से इंदौर के बीच सप्ताह में तीन बार चलेगी ट्रेन
कुमार ने कहा कि ऐसा स्थायी तौर पर करने के लिए विचार किया जा रहा है. वाराणसी से इंदौर के बीच सप्ताह में तीन बार चलने वाली इस ट्रेन में भक्ति भाव वाली हल्की ध्वनी से संगीत बजेगा और प्रत्येक कोच में दो निजी गार्ड होंगे और यात्रियों को शाकाहारी खाना परोसा जाएगा. Also Read - कोरोना से जंग, प्रधानमंत्री मोदी ने पूर्व पीएम, प्रेसिडेंट सहित सोनिया, ममता, मुलायम व इन नेताओं को किया फोन