नई दिल्ली: तेलंगाना के मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव (केसीआर) अगले सप्ताह तृणमूल कांग्रेस, बीजू जनता दल, समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के शीर्ष नेताओं से मुलाकात करेंगे. केसीआर के कार्यालय से जारी विज्ञप्ति के मुताबिक, विधानसभा चुनाव में तेलंगाना राष्ट्र समिति की जबर्दस्त जीत हासिल करने के बाद राव बीजद प्रमुख और ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक से 23 दिसंबर को भुवनेश्वर में और तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से 24 दिसंबर को मिलेंगे.

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तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) के प्रमुख राव 25 दिसंबर से दिल्ली की अपनी दो-तीन दिन की यात्रा के दौरान बसपा की सुप्रीमो मायावती और समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात करेंगे. राव ने 13 दिसंबर को दूसरी बार तेलंगाना के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी.विज्ञप्ति के अनुसार वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शिष्टाचार भेंट करेंगे और राज्य संबंधित मुद्दों पर चर्चा करने के लिए केंद्रीय मंत्रियों से मिलेंगे. तेलंगाना का मुख्यमंत्री बनने के एक दिन बाद ही राव ने अपने बेटे के टी रामा राव को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष बना दिया था.

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विज्ञप्ति के अनुसार, एक विशेष विमान से राव अपने परिवार के साथ पड़ोसी राज्य आंध्र प्रदेश के शहर विशाखापत्तनम जाएंगे. यहां वह शारदा पीठम जाकर राज्स्यमाला मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे.कुछ महीने पहले राव ने ममता बनर्जी, द्रमुक प्रमुख एम के स्टालिन, पूर्व प्रधानमंत्री और जद (एस) के नेता एच डी देवगौड़ा समेत कई नेताओं से गैर कांग्रेसी और गैर भाजपाई क्षेत्रीय दलों का गठबंधन बनाने के अपने प्रयास के तहत मुलाकात की थी. राव का आरोप है कि भाजपा और कांग्रेस दोनों आजादी के 70 साल बाद भी जनता की उम्मीदों को पूरा करने में विफल रहे हैं.

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तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव के बेटे और तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामाराव ने कुछ दिन पहले कहा था कि उनके पिता शीघ्र ही कांग्रेस और भाजपा के बिना तीसरे विकल्प के गठन की दिशा में काम करना शुरू कर देंगे.

उन्होंने कहा कि केसीआर (मुख्यमंत्री इस नाम से लोकप्रिय हैं) ने देश और उसकी राजनीतिक में गुणात्मक बदलाव लाने के लिए तीसरे विकल्प की वकालत की है और वह यह भी देखना चाहते है कि तेलंगाना में लागू की जा रहीं कल्याणकारी और विकास योजनाओं के लाभ देश के सभी नागरिकों को उपलब्ध हों. उन्होंने अपने निर्वाचन क्षेत्र सिरसिलिया में एक सभा में कहा, ‘तद्नुसार केसीआर तीसरे विकल्प के गठन का काम हाथ में लेंगे, यह एक ऐसा संघीय विकल्प होगा जिसमें कांग्रेस और भाजपा नहीं होगी.