Kiran Bedi Removed As The LG Of Puducherry: पुडुचेरी में कांग्रेस सरकार पर जारी सियासी संकट के बीच किरण बेदी ( Kiran Bedi) को उपराज्यपाल के पद से हटा दिया गया है. राष्‍ट्रपति भवन की ओर से मंगलवार रात जारी बयान में Kiran Bedi को तेलंगाना के उपराज्यपाल पद से हटाने की जानकारी दी गई. Also Read - Puducherry Political Crisis: कांग्रेस नीत नारायणसामी सरकार गिरने के बाद पुडुचेरी में लगाया गया राष्ट्रपति शासन

राष्ट्रपति भवन की तरफ से बताया गया कि नई नियुक्ति होने तक तेलंगाना की राज्‍यपाल तामिलिसाई सौंदर्यराजन को फिलहाल पुडुचेरी के उपराज्‍यपाल की अतिमरिक्त जिम्‍मेदारी संभालने का कहा गया है. Also Read - Puducherry Political Crisis: नारायणसामी सरकार गिरने के बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल ने पुडुचेरी में राष्ट्रपति शासन को दी मंजूरी

किरण बेदी को ऐसे समय पर हटाया गया है जब केंद्र शासित प्रदेश में एक और विधायक के इस्तीफे के बाद राज्य की कांग्रेस सरकार ने मंगलवार को विधानसभा में अपना बहुमत खो दिया है. मौजदा सदन में कांग्रेस नीत गठबंधन के अब 14 विधायक रह गए हैं.

इस मौके का लाभ उठाते हुए विपक्ष ने मुख्यमंत्री वी नारायणसामी से इस्तीफा मांगते हुए कहा कि सरकार अल्पमत में है. पुडुचेरी की 33 सदस्यीय विधानसभा में अब विपक्ष के सदस्यों की संख्या भी 14 है. हालांकि, नारायणसामी ने विपक्ष की मांग को खारिज करते हुए दावा किया कि उनकी सरकार को सदन में ‘बहुमत’ हासिल है. बता दें कि पुडुचेरी विधानसभा के लिए अगले कुछ महीनों में चुनाव होने वाले हैं.

पुडुचेरी के कांग्रेस विधायक ए जॉन कुमार ने मंगलवार को विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया, इसके साथ ही गत एक महीने में वह चौथे विधायक हो गए हैं जिन्होंने विधायक पद छोड़ा है. कुमार के इस्तीफे के साथ ही विधानसभा में स्पीकर सहित कांग्रेस के सदस्यों की संख्या 10 सदस्य रह गई है. जबकि उसके सहयोगी द्रमुक के तीन सदस्य हैं एवं निर्दलीय सदस्य भी नारायणसामी की सरकार को समर्थन दे रहा है.

सदन में प्रभावी सदस्यों की संख्या के आधार पर बहुमत का आंकड़ा 15 है. पुडुचेरी विधानसभा का चुनाव अप्रैल में होने की उम्मीद है, क्योंकि मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल 21 जून 2021 को समाप्त हो रहा है. कांग्रेस विधायक के इस्तीफे का घटनाक्रम पार्टी नेता राहुल गांधी के चुनाव प्रचार अभियान की शुरुआत करने आने के एक दिन पहले हुआ है. कुमार के इस्तीफा के बाद मंगलवार को विधानसभा में कांग्रेस के 10, द्रमुक के तीन, ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस के सात, अन्नाद्रमुक के चार, भाजपा के तीन (सभी नामांकित एवं मत देने का अधिकार रखते हैं) और एक निर्दलीय विधायक रह गया है.

(इनपुट: एजेंसी)