Kisan Andolan Punjab Haryana Today: दिल्ली हरियाणा बॉर्डर पर लगातार किसानों का विरोध प्रदर्शन (Kisan Andolan) जारी है. किसान सिंघु बॉर्डर से हिलने का नाम नहीं ले रहे हैं. किसानों का मानना है कि अगर बुराड़ी जाकर प्रदर्शन किया तो, जो आंदोलन है वो कमजोर पड़ जाएगा. जिसके कारण किसानों ने इस बात का फैसला किया है कि वो बुराड़ी नहीं जाएंगे और अपना प्रदर्शन यहीं जारी रखेंगे. हालाकि ऐसी भी बातें सामने आ रही हैं कि किसानों के नेता सिघु बॉर्डर से कुछ ही दूरी पर इस बात को लेकर बैठक कर रहे हैं कि आगे की रणनीति क्या होगी. निरंकारी जाना है या फिर यहीं पर डटे रहना है.Also Read - पंजाब सरकार का डेयरी किसानों को बड़ा तोहफा, दूध के दामों में 55 प्रति किलो की बढ़ोतरी

केन्द्र सरकार द्वारा किसानों को दिल्ली में दाखिल होने और शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की मंजूरी देने के कदम का पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने शुक्रवार को स्वागत किया। इससे पहले दिन में प्रदर्शनकारी किसानों ने दिल्ली-हरियाणा के सिंघू बॉर्डर पर पथराव किया और बैरीकेड तोड़ डाले। दिल्ली पुलिस के साथ उनका संघर्ष भी हुआ जिसने उन्हें तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े। पुलिस ने कहा कि किसानों को उत्तर दिल्ली के निरंकारी मैदान में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की अनुमति दे दी गई है। Also Read - फरीदाबाद से मथुरा सफर करना हुआ महंगा, गदपुरी टोल प्लाजा पर टोल की दरें तय

सिंघु बॉर्डर पर प्रदर्शन उग्र होने के बाद फिलहाल शांति बनी हुई है और पुलिस प्रशासन द्वारा बैरिकेडिंग की गई है. डीसीपी नार्थ वेस्ट विजयन्ता आर्य द्वारा भी किसानों को समझने की कोशिश की गई, लेकिन किसान नहीं माने. किसानों ने अब मीडिया से बात करना भी बंद कर दिया है. क्योंकि किसानों को लग रहा है कि मीडिया उन्हें विलन के तरह दिखाने की कोशिश कर रही है. Also Read - भगवंत मान ने करप्शन के आरोप में मंत्री को हटाया तो बोले केजरीवाल- 'आपकी कार्रवाई ने मेरी आखों में आंसू ला दिये'

बॉर्डर बंद होने की वजह से दिल्ली से पंजाब सफर करने वालों के लिए समस्या खड़ी हो गई है. कुछ तो पुरानी दिल्ली से ही पैदल अंबाला की ओर सफर करने पर मजबूर हो गए हैं. सर पर भारी भारी बैग लेकर अपने गन्तव्य की ओर रवाना हो चुके हैं. फिलहाल किसानों का कहना है कि मोदी सरकार किसान विरोधी सरकार है और नए कानूनों से किसान बर्बाद हो जाएगा.